बरेली। शहर की अवैध कॉलोनियों में भी सड़क और नाली निर्माण के कार्य नगर निगम प्रशासन कराएगा। महापौर का कहना है कि जनता के हित के लिए काम कराना हमारी प्राथमिकता है।
शहर में बरेली विकास प्राधिकरण (बीडीए) की स्वीकृति के बिना भी कई कॉलोनियां विभिन्न इलाकों में बस गईं हैं। वर्षों से बसीं इन कॉलोनियों के रास्ते काफी क्षतिग्रस्त हो चुके हैं। जन सुविधाओं की कमी है। ऐसे में नगर निगम जनहित में इन कॉलोनियों में भी सड़क और नाली निर्माण आदि कार्य कराएगा। नगर निगम इन कॉलोनियों से गृहकर आदि भी वसूल कर रहा है। निगम के क्षेत्र में शामिल होने के नाते भी इन क्षेत्रों का ध्यान रखा जाएगा।
हालांकि मुख्य अभियंता मनीष अवस्थी के अनुसार सिर्फ गृहकर वसूलने के आधार पर कोई हमें अवैध कॉलोनियों में विकास कार्य कराने के लिए बाध्य नहीं कर सकता। चूंकि यह कार्य जनहित के हैं, इसलिए नगर निगम इन्हें प्राथमिकता देगा।
पार्षदों की बैठक में भी बनी थी सहमति
कार्यकारणी से पहले पार्षदों के साथ हुई बैठक में भी सहमति बनी थी कि नगर निगम शहर में विकास के मुद्दे पर किसी के साथ पक्षपात नहीं करेगा। महापौर उमेश गौतम ने कहा था कि जो कॉलोनियां बस चुकीं हैं, उनमें निश्चित तौर पर विकास कार्य नगर निगम के स्तर से कराए जाएंगे। अगर बीडीए की ओर से कोई कार्रवाई होती है तो नगर निगम का उससे कोई लेना-देना नहीं है। हर विभाग का अपना-अपना काम होता है।
इन कॉलोनियों में कराए जाएंगे कार्य
कृष्णानगर, खुशबू एन्क्लेव, फाइक इन्क्लेव, रजा कॉलोनी, परवानानगर, मुंशीनगर सहित दो दर्जन से अधिक कॉलोनियां बीडीए की स्वीकृति के बिना बसी हैं। इनमें नगर निगम की ओर से लोगों की सहूलियत के लिए जरूरी विकास कार्य कराए जाएंगे।