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Bareilly News: माननीयों की प्राथमिकता में विकास... शिक्षा, स्वास्थ्य अनाथ

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बरेली। सड़कों का निर्माण कराने के साथ ही विकास से जुड़े अन्य कार्य ही जिले के विधायकों की प्राथमिकता में हैं। शिक्षा व स्वास्थ्य पर जनप्रतिनिधि कम ध्यान दे रहे हैं। विधायक निधि के आंकड़ों की पड़ताल में भी इसकी बानगी दिखती है। जिले में सिर्फ दो विधायकों ने ही वित्तीय वर्ष 2024-25 में अपनी निधि से दो गरीबों का उपचार कराया। शिक्षा पर तीन विधायकों ने ही निधि खर्च की है।
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शिक्षा और स्वास्थ्य को मूलभूत सुविधाओं में गिना जाता है। बजट में इन पर जोर देने की बात भी कही जाती है। इसके बाद भी विधायक इन पर ज्यादा ध्यान नहीं दे रहे। बरेली जनपद के नौ में से किसी भी विधायक ने 10 फीसदी बजट भी स्वास्थ्य और शिक्षा पर खर्च नहीं किया गया है।
यह है स्थिति
बिथरी चैनुपर, बरेली शहर, बहेड़ी, नवाबगंज और मीरगंज विधायक ने शिक्षा और स्वास्थ्य पर एक भी रुपया खर्च नहीं किया है। फरीदपुर और भोजीपुरा विधायक ने स्वास्थ्य पर एक भी रुपया खर्च नहीं किया। यह स्थिति तब है जब बिथरी चैनपुर, शहर, नवाबगंज के विधायक चिकित्सक हैं। मीरगंज विधायक पशु चिकित्सक और फरीदपुर विधानसभा क्षेत्र के विधायक प्रोफेसर हैं।
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हर साल मिलते हैं पांच करोड़ रुपये
प्रत्येक विधानसभा सदस्य को भी हर वर्ष विधायक निधि के तौर पर पांच करोड़ रुपये की धनराशि दी जाती है। इस निधि को उन्हें सड़क, पेयजल, स्वास्थ्य, शिक्षा और स्वच्छता से जुड़े कार्यों पर व्यय करना होता है। जनप्रतिनिधि चाहें तो असाध्य रोग से पीड़ित किसी व्यक्ति के उपचार पर भी अपनी निधि से करा सकते हैं। संवाद

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विधानसभा स्वास्थ्य शिक्षा विकास

कैंट 1.5 लाख 20 लाख 4.85 करोड़


भोजीपुरा शून्य 12 लाख 4.88 करोड़
आंवला 1.5 लाख रुपये शून्य 4.85 करोड़


फरीदपुर शून्य 10 लाख 4.90 करोड़
बिथरी चैनपुर शून्य शून्य 5 करोड़


बहेड़ी शून्य शून्य 5 करोड़
बरेली शहर शून्य शून्य 5 करोड़
नवाबगंज शून्य शून्य 5 करोड़


मीरगंज शून्य शून्य 05 करोड़

विधायकों की तरफ से जो भी प्रस्ताव आते हैं, उन्हीं के आधार पर प्राथमिकता से कार्य कराएं जाते हैं। अधिकांश प्रस्ताव में सड़क व विकास के अन्य काम शामिल रहे हैं। इलाज या शिक्षा को लेकर प्रस्ताव कम ही आए। कोई भी प्रस्ताव अब लंबित नहीं है। -चंद्र प्रकाश श्रीवास्तव, पीडी डीआडीए
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