बरेली। रामगंगा आवासीय परियोजना को घाटे से उबारने के लिए बीडीए ने कई प्लानिंग बनाई हैं। इसके तहत हाल में बीडीए बोर्ड की बैठक में सात एकड़ पर साइंस पार्क बनाने की मंजूरी मिल गई है। साथ ही यहां डोहरा रोड की तरफ रीजनल पार्क बनाने की भी योजना है। इसमें जंगल विकसित करने के साथ ही वहां मनोरंजन के लिए भूतिया पार्क भी तैयार किया जाएगा।
इस परियोजना में बीडीए को आवंटी नहीं मिल रहे हैं। इसलिए कई अरब की इस परियोजना से लगातार नुकसान हो रहा है। हाल में कमिश्नर रणवीर प्रसाद ने इस परियोजना को आगे बढ़ाने के लिए कई मंत्र दिए थे। इसके बाद बीडीए बोर्ड की बैठक में सात एकड़ भूमि पर साइंस पार्क विकसित करने के प्रस्ताव को मंजूरी दी जा चुकी है। हालांकि आवासीय कॉलोनी में साइंस पार्क और उसके पास दुकानें बनाने को लेकर कुछ लोगों ने सीएम को यह शिकायत भी भेजी है कि आवासीय भूमि होने के बावजूद बीडीए अनधिकृत तौर से इसका व्यावसायिक इस्तेमाल कर रहा है। इसमें बीडीए अफसरों ने स्पष्ट किया है कि किसी आवासीय परियोजना में पांच फीसदी जमीन का व्यावसायिक प्रयोग किया जा सकता है। इस परियोजना के लिए बीडीए ने रीजनल पार्क को विकसित करने की योजना भी तैयार की है। इसमें मनोरंजन के लिए जंगल और भूतिया पार्क भी तैयार होगा। इसमें आधुनिक झूले लगाने के साथ ही कृत्रिम झील भी बनाई जाएगी।
रामगंगा आवासीय परियोजना के लिए बीडीए ने कई प्लानिंग की हैं। साइंस पार्क के साथ ही रीजनल पार्क बनाने का भी खाका तैयार कर लिया गया है।
-दिव्या मित्तल, उपाध्यक्ष, बीडीए