बरेली। डस्टबिन खरीद के टेंडर में देरी होने से शहर की सफाई व्यवस्था बिगड़ रही है। नगर निगम ने दो माह पहले शहर के प्रमुख मार्गों पर लगाने के लिए 142 डस्टबिन खरीदने की कवायद शुरू की थी। इनको स्वच्छता सर्वेक्षण के लिए दिल्ली से आने वाली केंद्रीय टीम के आने पहले लगाया जाना था। वहीं इसमें टेंडर में देरी सामने आई है, जिसके कारण अभी तक डस्टबिन नहीं लगे हैं। इसको लेकर नगर आयुक्त ने विभाग के अधिकारियों को फटकार लगाई है।
बुधवार को नगर आयुक्त को शहर के मार्केट, मुख्य चौराहों पर डस्टबिन नहीं दिखाई दिए। इसको लेकर विभाग के साथ समीक्षा बैठक कर डस्टबिन के बारे में पूछा गया तो पता चला कि डस्टबिन अभी खरीदे ही नहीं गए हैं। अब इस मामले में सामने आया है कि दो माह पहले डस्टबिन खरीदने की शुरू की गई कवायद में देरी हुई है। इस प्रकरण में सामने आया कि जैम पोर्टल से ये डस्टबिन खरीदने की प्रक्रिया पूरी होनी है, लेकिन पोर्टल पर डस्टबिन की कीमत ज्यादा है। इस वजह से चहेती फर्माें को डस्टबिन खरीद का टेंडर देने में देरी हुई है। यहां बताते चलें कि नगर निगम ने तीन साल पहले डस्टबिन खरीदे थे, जो टूट गए हैं। इस कारण अधिकारियों को सर्वेक्षण में नंबर कटने का डर सता रहा है।
उपनगर स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. नैन सिंह ने बताया कि बुधवार को नगर आयुक्त ने निरीक्षण किया था। जिसको लेकर कवायद शुरू कर दी गई है, बृहस्पतिवार से मुख्य चौराहों, बाजारोंं में डस्टबिन रखने शुरू हो जाएंगे। सितंबर में डेलापीर की फल मंडी में हुए अग्निकांड में जली दुकानों की सूरत जल्द बदलने वाली हैं
डस्टबिन खरीद के संबंध में अधिकारियों से जवाब तलब कर रिपोर्ट मांगी गई है। उनकी देरी से लगने का कारण पूछा गया है। जल्द डस्टबिन लगाने के निर्देश दिए गए हैं। - संजीव कुमार मौर्य, नगर आयुक्त