नए सचिव के सामने गुटबाजी खत्म करना चुनौती
उपचुनाव में बरेली बार एसोसिएशन के सचिव चुने गए दीपक पांडेय के सामने बार में चल रही गुटबाजी खत्म करना चुनौती से कम नहीं होगा। वीपी ध्यानी के कार्यकाल के समय से ही गुटबाजी चल रही है। बार में चार गुट हैं। एक गुट सचिव के साथ था जबकि दूसरा विरोध में। दो अन्य वरिष्ठ अधिवक्ताओं के गुट भी हैं। लंबे समय से सभी एक दूसरे की टांग खिंचाई में लगे हुए हैं।
अप्रैल और मई में गुटबाजी पूरी तरह से सतह पर आ गई थी। इसके बाद एक गुट ने तत्कालीन सचिव वीपी ध्यानी के खिलाफ कई दिन धरना भी दिया था। बार सचिव के खिलाफ एक गुट को उकसाने का आरोप भी कुछ पदाधिकारियों पर लगा, लेकिन वह आरोपों से किनारा करते रहे।