बरेली। यूपी बोर्ड की परीक्षाएं समाप्त हो चुकी हैं। सीबीएसई की परीक्षाएं पांच अप्रैल को खत्म होंगी। 12वीं की परीक्षा में शामिल होने वाले विद्यार्थियों के लिए कॅरिअर चुनने का यही सही समय है। कई विद्यार्थी पारंपरिक कोर्स से हटकर आगे बढ़ना चाहते हैं। वह रोजगारपरक पाठ्यक्रमों में अवसर तलाश सकते हैं। दुविधा या किसी भटकाव की स्थिति में विशेषज्ञ से सलाह ले सकते हैं। ये बातें मंडलीय मनोविज्ञान केंद्र के काउंसलर रविंद्र कुमार ने कहीं।
उन्होंने बताया कि कला वर्ग के विद्यार्थियों के लिए सर्वाधिक चर्चा में रहने वाला विषय इंटरनेशनल रिलेशन है। इस क्षेत्र में नौकरी के अवसर अच्छे हैं। बरेली कॉलेज की साइकोलॉजी विभाग की डॉ. हेमा खन्ना ने बताया कि वर्तमान समय में साइकोलॉजी व क्लीनिकल साइकोलॉजी की आवश्यकता बढ़ी है। लोगों की काउंसलिंग करना भी अच्छे प्रोफेशन के रूप में उभरा है। एक निजी विश्वविद्यालय ने बीते वर्ष फॉरेंसिक साइंस में स्नातक का कोर्स शुरू किया है। इससे छात्रों के लिए एक नया अवसर खुला है।
स्कूल एसोसिएशन के अध्यक्ष व कॅरिअर विशेषज्ञ पारुष अरोड़ा ने बताया कि कोरोना काल के बाद कई नए पाठ्यक्रम शुरू हुए हैं। इसमें वायरोलॉजी की मांग बढ़ी है। हालांकि, ये कोर्स शहर में उपलब्ध नहीं है। जेनेटिक्स में स्नातक का कोर्स शहर में शहर के निजी संस्थान में उपलब्ध है। इसके अलावा बरेली कॉलेज में स्टैटिस्टिक्स विषय में स्नातक व परास्तनाक कर सकते हैं। इसमें अपार संभावनाएं हैं। म्यूजियोलॉजी (म्यूजियम की स्टडी) कोर्स भी खास लोकप्रिय है। इसके तहत म्यूजियम के रख-रखाव की बारीकियां सीखते हैं। एक मुक्त विश्वविद्यालय में इसी सत्र में इस कोर्स की शुरुआत की गई है।