फरीदपुर। दरोगा के व्हाटसएप ग्रुप में धार्मिक टिप्पणी करने से नाराज भीड़ ने कोतवाली घेरकर हाईवे जाम कर दिया। सड़क पर जमकर नारेबाजी करने के बाद दरोगा का पुतला दहन किया गया। एसडीएम व सीओ ने मौके पर पहुंचकर भीड़ को समझाकर शांत किया। एसएसपी आरके भारद्वाज ने आरोपी दरोगा को निलंबित कर दिया है। फरीदपुर कोतवाली में तैनात दरोगा संतराम वर्मा ने व्हाट्सएप के ग्रुप में हजरत ख्वाजा मोइनउददीन चिश्ती(रह.) को लेकर 29 सितंबर को एक पोस्ट डाल दी थी। सुबह नगर पालिका सदस्य सबीहउददीन ने डीएम और आईजी से शिकायत कर दी। सोमवार को सुबह करीब नौ बजे रजा एक्शन कमेटी के प्रवक्ता हलीम रजा की अगुवाई में काफी संख्या में लोग मोहल्ला मिर्धान में इकट्ठा होकर दस बजे हाईवे पर पहुंच गये। इससे पहले मोहल्ला मिर्धान में भीड़ ने नारेबाजी करते हुए दरोगा के तीन पुतले फूंक दिए। पुतलों के गले में जूते पहनाकर गुस्साए लोग जूते मारते हाईवे पर पहुंचे। हाईवे जाम करने की सूचना पर प्रभारी निरीक्षक सज्जाद अख्तर भी पहुंच गए। उन्होंने भीड़ को समझाने का प्रयास किया, लेकिन गुुस्साई भीड़ समझने को तैयार नहीं थी। इसी बीच एसडीएम पारस नाथ मौर्या और सीओ नीति द्विवेदी मौके पर पहुंच गईं। गुस्साए लोगों का कहना था कि दरोगा को तत्काल निलंबित किया जाये। अधिकारियों का कहना था कि भीड़ को हटा लिया जाये। इसके बाद अधिकारियों से बात की जायेगी। इसके बाद भीड़ शांत होकर हाईवे से हट गई। देर शाम को एसएसपी आरके भारद्वाज ने दरोगा संतराम वर्मा को निलंबित कर दिया। आंदोलन में मुख्य रुप से आल इंडिया रजा एक्शन कमेटी के आमिर हुसैन, हाफिज इमरान बरकाती, मौलाना जाहिद रजा, मौलाना सैफ रजा, ताज मोहम्मद, साजिद रजा, हाफिज रजा, मोहम्म्द रजा,तनवीर हुसैन, शोएब रजा, मौलाना इरशाद, इमरान रजा, नदीम अजहरी, मौलाना मोहम्मद हुसैन आदि मौजूद रहे।