भैंस चराने गए किसान की लाठियों से पीटकर और गला घोंटकर हत्या कर दी गई। शव शंखा नाले से बरामद किया गया। किसान के बेटे ने गांव के ही दो भाइयों समेत चार लोगों पर पुरानी रंजिश में हत्या का आरोप लगाया है। पुलिस ने चारों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में सिर की हड्डी टूटने और गुम चोट की बात सामने आई है। शाही के चकदहा भगौतीपुर गांव के 55 वर्षीय इसरार अली सोमवार सुबह भैंसें चराने जंगल में गए थे। शाम को भैंसें तो लौटकर आ गईं लेकिन इसरार नहीं लौटे। देर रात तक इंतजार के बाद इकलौता बेटा नवाशे अली ग्रामीणों को लेकर जंगल में ढूंढने निकल पड़ा। खेतों की खाक छानने के बाद गांव से ढाई किमी दूर धौंराटांडा रोड किनारे शंखा नाले में इसरार की लाश पड़ी मिल गई। सिर पानी में और धड़ बाहर पड़ा था। गला घोंटे जाने के निशान थे। नाक से खून भी बह रहा था। सूचना पर रात में ही सीओ मीरगंज गिरीश पाल सिंह और एसओ हरचरन सिंह यादव पुलिस फोर्स लेकर पहुंच गए। बेटे नवाशे अली की तहरीर पर शाही थाने में गांव के ही आसिफ अली उसके भाई रियासिब, अशफाक, माकू के खिलाफ पुरानी रंजिश में लाठियों से पीटकर और गला घोंटकर मार डालने का मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। अभी तक किसी की गिरफ्तारी नहीं हुई है। हालांकि गांव में दबी जुबान चर्चा यह भी है कि इसरार अली मिर्गी का पुराना मरीज था। अक्सर उसे दौरे पड़ जाते थे। पत्नी 20 साल पहले मर चुकी है। तभी से वह इकलौते बेटे नवाशे अली, पुत्रवधू संग रह रहा है। नवाशे अली के दोनों बच्चों की शादी हो चुकी है। एसओ ने बताया-मृतक के बेटे की तहरीर के आधार पर हत्या का मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। आगे की कार्रवाई पीएम रिपोर्ट और विवेचक की आख्या के आधार पर पर की जाएगी।
भैंस चराने गए किसान की लाठियों से पीटकर और गला घोंटकर हत्या कर दी गई। शव शंखा नाले से बरामद किया गया। किसान के बेटे ने गांव के ही दो भाइयों समेत चार लोगों पर पुरानी रंजिश में हत्या का आरोप लगाया है। पुलिस ने चारों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में सिर की हड्डी टूटने और गुम चोट की बात सामने आई है।
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शाही के चकदहा भगौतीपुर गांव के 55 वर्षीय इसरार अली सोमवार सुबह भैंसें चराने जंगल में गए थे। शाम को भैंसें तो लौटकर आ गईं लेकिन इसरार नहीं लौटे। देर रात तक इंतजार के बाद इकलौता बेटा नवाशे अली ग्रामीणों को लेकर जंगल में ढूंढने निकल पड़ा। खेतों की खाक छानने के बाद गांव से ढाई किमी दूर धौंराटांडा रोड किनारे शंखा नाले में इसरार की लाश पड़ी मिल गई। सिर पानी में और धड़ बाहर पड़ा था। गला घोंटे जाने के निशान थे। नाक से खून भी बह रहा था। सूचना पर रात में ही सीओ मीरगंज गिरीश पाल सिंह और एसओ हरचरन सिंह यादव पुलिस फोर्स लेकर पहुंच गए। बेटे नवाशे अली की तहरीर पर शाही थाने में गांव के ही आसिफ अली उसके भाई रियासिब, अशफाक, माकू के खिलाफ पुरानी रंजिश में लाठियों से पीटकर और गला घोंटकर मार डालने का मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। अभी तक किसी की गिरफ्तारी नहीं हुई है। हालांकि गांव में दबी जुबान चर्चा यह भी है कि इसरार अली मिर्गी का पुराना मरीज था। अक्सर उसे दौरे पड़ जाते थे। पत्नी 20 साल पहले मर चुकी है। तभी से वह इकलौते बेटे नवाशे अली, पुत्रवधू संग रह रहा है। नवाशे अली के दोनों बच्चों की शादी हो चुकी है। एसओ ने बताया-मृतक के बेटे की तहरीर के आधार पर हत्या का मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। आगे की कार्रवाई पीएम रिपोर्ट और विवेचक की आख्या के आधार पर पर की जाएगी।