21 मई को रोडवेज डिपो वर्कशाप में ‘जुगाड़’ का एयर कंप्रेशर फटने के मामले में सेवा प्रबंधक और सीनियर फोरमैन दोषी पाए गए हैं। परिवहन निगम प्रबंधन ने दोनों को तत्काल प्रभाव से सस्पेंड कर दिया है। जबकि पहले सस्पेंड हुए फोरमैन नवीन कक्कड़ को बहाल कर दिया गया है।
वर्कशाप में ‘जुगाड़’ से काम कराने को लेकर कई बार शिकायतें हो चुकी हैं। 17 मई को बरेली डिपो वर्कशाप में पुराने ड्रम से बना एयर कंप्रेशर परीक्षण में फट गया था। इसमें चार कर्मचारी घायल हो गए थे। स्थानीय अफसरों ने कागजी जांच कर डिपो फोरमैन नवीन कक्कड़ को सस्पेंड करा दिया था। अखबारों में सुर्खियां बना मामला परिवहन निगम मुख्यालय पहुंचा। जीएम तकनीकी ए रहमान ने जरूरी जानकारी जुटाई। उधर, कारखाना उपनिदेशक ने भी जांच शुरू करा दी। नियमानुसार हादसे की जानकारी कारखाना उपनिदेशक कार्यालय भी देना होता है, लेकिन अफसरों ने ऐसा नहीं किया। स्थानीय स्तर पर अफसर मामला रफा-दफा करने में जुटे रहे। नवागत प्रबंध निदेशक आशीष गोयल ने इसे गंभीरता से लिया और तथ्य जुटाए। उच्चस्तरीय जांच पड़ताल में सेवा प्रबंधक और सीनियर फोरमैन क्षेत्रीय कार्यशाला दोषी पाए गए। उधर, सेवा प्रबंधक आरबीएल शर्मा से संबंधित कई मामले मुख्यालय पहुंच गए। प्रबंध निदेशक गोयल ने सेवा प्रबंधक आरबीएल शर्मा और क्षेत्रीय कार्यशाला सीनियर फोरमैन राजीव शर्मा को निलंबित कर दिया। अभी इन दोनों पदों पर नई तैनाती नहीं हुई है। वैकल्पिक तौर पर मुरादाबाद सर्विस मैनेजर बरेली रीजन का भी काम देखेंगे। हालांकि शिकायतों की जांच अलग से जारी रहेगी। निलंबित हुए सेवा प्रबंधक आरबीएल शर्मा ने कुछ महीने पहले ही पदोन्नत होकर बरेली में पोस्टिंग पा ली थी।
कोट
बरेली वर्कशाप में जुगाड़ से बना कंप्रेशर फटा था। इसकी सघन जांच कराई गई। इसमें सेवा प्रबंधक और सीनियर फोरमैन दोषी मिले, दोनों को निलंबित कर दिया गया है।
- आशीष गोयल, प्रबंधन निदेशक, परिवहन निगम