लखीमपुर खीरी से रेप का आरोपी और भोपाल जेल से गार्ड का गला रेतकर सिमी के आठ आतंकियों के भागने के बाद यूपी की जेलों में सुरक्षा को लेकर शासन ने अलर्ट जारी कर दिया है। इसके मद्देनजर बरेली जिला जेल और केंद्रीय कारागार में सुरक्षा कड़ी कर दी गई है। उन प्वाइंट पर विशेष निगरानी रखी जा रही है जहां से बंदियों के भागने का अंदेशा रहता है। यहां की दोनों जेलों के चिन्हांकित खराब आचरण वाले करीब 22 कैदियों पर नजर रखी जा रही है, जो कि पिछले दो साल के दौरान संदिग्ध गतिविधियों में लिप्त मिले हैं। साथ ही यहां की कारागारों की बाउंड्रीवाल और गेटों पर विशेष चौकसी बरती जा रही है।
यहां की सेंट्रल जेल में रामपुर स्थित सीआरपीएफ कैंप पर हमला करने के पांच आतंकी बंद हैं। इन आतंकियों को हाई सिक्योरिटी बैरक में रखा गया है। इनकी बैरकों में सीसी टीवी कैमरे लगाए गए हैं, ताकि उनकी हर हरकत पर नजर रखी जा सके। उनकी खुफिया निगरानी के लिए जेल प्रशासन ने अपने भरोसेमंद कैदियों को लगाया है। मंगलवार को हाई सिक्योरिटी बैरकों की तलाशी कराई गई। वहां लगे सुरक्षा कर्मियों की संख्या बढ़ा भी दी गई है। आतंकियों के अलावा सेंट्रल जेल में बबलू श्रीवास्तव और उसके दोनों गुर्गे समेत कई खूंखार अपराधी बंद हैं। विशेष सतर्कता जेल की सुरक्षा में लगे कर्मचारियों को लेकर है। चहारदीवारी के टॉवरों पर तैनात सुरक्षा कर्मियों की आकस्मिक चेकिंग की जा रही है। रात में गश्ती दलों को लगातार घूमते रहने के निर्देश हैं। बाहरी सुरक्षा के लिए संबंधित थानों की पुलिस से सहयोग मांगा गया है। कोई चूक न हो इसलिए जेल अधिकारी खुद चेकिंग कर रहे हैं। उधर, जिला जेल में भी सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है।
‘सुरक्षा व्यवस्था बढ़ाई गई हैं। ड्यूटी पर तैनात हर अधिकारी और कर्मचारी को अलर्ट रहने के निर्देश दिए गए हैं।’
- पीएन पांडेय, सेंट्रल जेल अधीक्षक