ममेरे भाइयों द्वारा पैसों के लालच में अपनी पत्नियों की बिक्री कराने के मामले में जयपुर का एक किसान का भी शामिल है। बताया जा रहा है कि फिरोजाबाद यूपी निवासी चूड़ी कारोबारी गुड़िया ने आशा के साथ मिलकर किसान के माध्यम से युवतियों का सौदा तय किया था। फिलहाल, पुलिस सभी आरोपियों से पूछताछ कर रही है। कल मंगलवार को एसएसपी मामले का खुलासा कर सकते हैं।
बरेली निवासी प्रदीप और रुद्रपुर निवासी सोनू द्वारा पैसों के लालच में अपनी पत्नियों को बेचे जाने का मामला प्रकाश में आया था, जिसमें ट्रांजिट कैंप निवासी पुष्पा भी शामिल थी। पुलिस की पकड़ में आने के बाद सोनू, प्रदीप, पुष्पा ने फिरोजाबाद निवासी गुड़िया के मथुरा की दलाल आशा के साथ मिलकर युवतियों का सौदा करने की बात कही थी, जिसके बाद कोतवाल एनएन पंत द्वारा गठित टीम ने रंपुरा चौकी प्रभारी भीम भाष्कर के नेतृत्व में फिरोजाबाद, मथुरा, जयपुर में आरोपियों की धरपकड़ के लिए दबिश दी। यहां पर टीम ने जब गुड़िया से पूछताछ की तो आशा के साथ ही जयपुर के एक किसान के भी दलाली में शामिल होने की बात पता चली, जिसके बाद पुलिस ने धरपकड़ तेज करते हुए सभी आरोपियों से पूछताछ शुरू कर दी है। बताया जा रहा है कि आरोपियों से पूछताछ के बाद पुलिस को अहम सुराग मिले हैं। मंगलवार को एसएसपी सेंथिल अबुदई केएस द्वारा मामले का खुलासा किया जा सकता है।
1.63 लाख में सौदा हुआ था
बरेली और रुद्रपुर के ममेरे भाइयों द्वारा अपनी पत्नियों की फर्जी शादी कराने के मामले में युवतियों का सौदा 85 हजार में नहीं, बल्कि 1.63 लाख में हुआ था, जिसमें से 35-35 हजार रुपये प्रदीप, सोनू को और 15 हजार रुपये पुष्पा को मिले थे। बची 78 हजार की रकम दलालों के हिस्से में आई।
गुड़िया-पुष्पा हैं सगी बहनें
ममेरे भाइयों द्वारा अपनी पत्नियों की फर्जी शादी कराने के मामले में चौंकाने वाली बात सामने आई है कि फिरोजाबाद निवासी चूड़ी कारोबारी गुड़िया और पुष्पा आपस में सगी बहनें हैं। दोनों की जयपुर के चौमू हाईवे पर ठेला लगाने वाले एक युवक से पहचान थी और उसी के जरिये जयपुर के किसान के माध्यम से युवतियों का सौदा तय किया गया।