Ram Singh Jatav charge of the advertising loses
- फोटो : बरेली, अमर उजाला
नगर निगम में कमाई के प्रभार वाले तमाम विभागों का लंबे समय से चार्ज संभाले राम सिंह जाटव को मेयर के सामने अनुशासनहीनता महंगी पड़ गई। नगर आयुक्त ने आखिरकार उनसे मोटी कमाई वाला विज्ञापन का प्रभार भी छीनना ही पड़ा। अब विज्ञापन का काम लिपिक मेराज वली देखेंगे। अतिक्रमण का प्रभार उनसे पहले ही लिया जा चुका है। उन पर तमाम प्रभार पहले से ही नियम विरुद्ध चल रहे थे लेकिन अफसरों की कृपा से राम सिंह अब तक जमे हुए थे। प्रभार छिनने के बाद राम सिंह जाटव अब अपने मूल पद सहायक मोहर्रिर पर वापस आ गए हैं।
सहायक मोहर्रिर पद पर कार्यरत राम सिंह जाटव पर अफसरों की कृपा लंबे समय से रही है। अतिक्रमण अभियान से लेकर विज्ञापन, होर्डिंग जैसे ऊपरी कमाई वाले कामों का प्रभार अब तक पद के योग्य न होने के बावजूद उन पर था। राम सिंह जाटव नीली बत्ती वाली गाड़ी में भी चलते थे। इसके साथ उनको दफ्तर में भी ऐसी सुविधाएं दी गई थीं जो किसी अफसर से कम नहीं थी। पिछले दिनों अतिक्रमण हटाने के एक मामले में राम सिंह जाटव का पर्यावरण अभियंता उत्तम कुमार से विवाद हो गया था। दोनों के बीच मेयर के सामने भी गाली गलौज हुई। इसके बाद भी वह नहीं हटे। बोर्ड की बैठक में भी पार्षद राम सिंह जाटव से विज्ञापन समेत महत्वपूर्ण प्रभार लेने को हंगामा करते रहे। उस समय तो नगर आयुक्त शीलधर सिंह यादव ने किसी की नहीं सुनी और राम सिंह जाटव से कोई प्रभार नहीं हटाया। मेयर के सामने गाली गलौज को गंभीरता से लेते हुए उनसे सभी महत्वपूर्ण प्रभार वापस ले लिए गए। नगर आयुक्त शीलधर यादव ने राम सिंह से नीली बत्ती वाली गाड़ी कुछ दिन पहले ही वापस ले ली थी। अब विज्ञापन से हटाकर उनके स्थान पर मेराज वली को चार्ज सौंपा गया है। राम सिंह जाटव से अचानक सारे प्रभार वापस लेने का मामला नगर निगम में चर्चा का विषय रहा।