कचहरी से दिनदहाड़े दो भाइयों के अपहरण की सूचना पर बुधवार को पुलिस में खलबली मच गई। कोतवाली में तहरीर देने के बाद कार्रवाई के डर से आरोपी दोनों भाइयों को छोड़कर भाग गए। 21 बीघा जमीन को लेकर दोनों पक्षों के बीच विवाद चल रहा है। इसी सिलसिले में वे बुधवार को कचहरी आए थे लेकिन वहां दूसरे पक्ष के लोगों ने उनकी घेराबंदी कर ली। भमोरा थाना क्षेत्र के गांव रफियाबाद निवासी इंद्रपाल यादव ने बताया कि उसकी फरीदपुर थाना क्षेत्र के मेघीनगला गांव में 21 बीघा जमीन है। उसके पिता श्याम सिंह ने 2004 में इस जमीन का एग्रीमेंट एक व्यापारी को करा दिया था। बाद में जमीन का बैनामा तो नहीं हुआ लेकिन मुकदमेबाजी शुरू हो गई। दोनों पक्षों के बीच कोर्ट में मुकदमा चल रहा है। बुधवार को इंद्रपाल और उसके भाई जसवंत तथा विपिन तारीख पर कचहरी आए थे। तारीख लेने के बाद तीनों भाई कचहरी से बाहर निकले। जसवंत और विपिन एक बाइक पर आगे थे, जो अचानक लापता हो गए। इंद्रपाल और उसके साथियों ने इधर-उधर काफी देखा लेकिन उनका पता नहीं चला। इसके बाद दोनों के अपहरण की सूचना फोन पर एसपी सिटी को दी गई। जसवंत ने कोतवाली जाकर नामजद तहरीर दे दी। हालांकि बाद में इंद्रपाल ने पुलिस को बताया कि पुलिस के फोन करने पर अपहरणकर्ता जसवंत और विपिन को चौकी चौराहे पर छोड़ गए।