थाना कैंट के बंगला नंबर-12 पोस्टर कॉलोनी निवासी हिमांशु का कहना है कि उसके भाई रिलायंस इंश्योरेंस के रिलेशनशिप मैनेजर वैभव दुर्गवंशी को प्लानिंग करके मारने के बाद किसी वाहन के आगे एक्सीडेंट दिखाने को डाल दिया। वैभव की बाइक और हेलमेट कौन ले गया। इसका तो पुलिस को पता लगाना चाहिए।
सोमवार की शाम सवा पांच बजे 35 वर्षीय वैभव दुर्गवंशी कचहरी रोड स्थित अपने ऑफिस से निकले थे। छह बजे उनका मोबाइल बंद हो गया। इसके बाद उनकी पत्नी निधि उनका मोबाइल नंबर मिलाते रहे, लेकिन बात नहीं हो पाई। मंगलवार की सुबह थाना बिथरी चैनपुर पुलिस से खबर मिली कि उनकी मौत हो गई। वैभव की लाश कचौली नहर के पास पड़ी मिली है। पुलिस ने आनन-फानन में मामले में एक्सीडेंट की धारा में मुकदमा लिख लिया। परिवार वालों के आने का भी इंतजार नहीं किया। हिमांशु का तर्क है कि उसके भाई की मौत एक्सीडेंट में हुई है तो उनकी बाइक और हेलमेट कौन ले गया। हादसा होने के बाद इन दोनों चीजों को तो मौके पर ही मिलना चाहिए था। कैंट से उन्हें बिथरी चैनपुर मारने के लिए ही ले ले जाया गया है। प्लानिंग के तहत उनकी हत्या करने के बाद उनके शव को किसी वाहन के आगे डाल दिया गया। हमने एसओ को मामले में तहरीर दे दी है। एसओ कमल सिंह यादव ने बताया कि वैभव के भाई हिमांशु ने तहरीर दी है। इस मामले में पहले ही मुकदमा लिखा जा चुका है। एक घटना के दो मुकदमे नहीं लिखे जा सकते हैं, इसलिए तहरीर को विवेचना में शामिल कर लिया जाएगा। इसके बाद जो तथ्य सामने आएंगे उसके मुताबिक मुकदमा तरमीम हो जाएगा।
दोस्त पर उठ रही है अंगुली
वैभव के दोस्त पर भी अंगुली उठ रही है। उससे करीब एक साल पहले वैभव का विवाद हो गया था। पुलिस ने वैभव के भाई से उसके दोस्तों की सूची मांगी है। वैभव के ऑफिस में काम करने वाले लोगों से भी उसकी मौत के मामले में पूछताछ की जा सकती है।