कैंफर फैक्ट्री कर्मचारी को अपने दोस्त पर विश्वास करना महंगा पड़ गया। चाबी देने पर उनके घर से दोस्त और उसके साथियों ने कैंफर कर्मी के घर से नगदी और जेवर उड़ा दिए। इसका खुलासा होने पर आरोपी ने चोरी किया कुंडल लौटा दिया। खास बात यह कि चोरी किए जेवर शहर के एक सर्राफ को बेचे गए थे।
सीबीगंज लेबर कॉलोनी निवासी सुंदरलाल ने बताया कि वह पत्नी का इलाज कराने दिल्ली गए थे। मंगलवार को उनका बेटा मनीष ड्यूटी करने कैंफर फैक्ट्री चला गया। वह घर की चाबी अपने दोस्त तन्नू को दे गया था। आरोप है कि उसका घर खाली देख दोस्त तन्नू की नियत डोल गई। वह अपने साथी गौरव और विक्की के साथ मनीष के घर में घुसा और पांच हजार रुपये नगदी, जेवर चुरा लिए। इनमें सोने की एक जोड़ी झुमकी, तीन जोड़ी टाप्स, कानों की बाली, लौंग, दो अंगूठी आदि शामिल हैं। सुंदरलाल को घर में चोरी होने की जानकारी दिल्ली से लौटने पर हुई। उन्होंने तन्नू को बुलाकर सख्ती से पूछताछ की तो मामला खुल गया। उसने चोरी किया एक कुंडल भी लौटा दिया। उसने बताया कि बाकी जेवर बरेली के एक सर्राफ को बेच लिए, जिससे मिले रुपये शराब में उड़ा दिए। इसके बाद सुंदरलाल ने थाने जाकर तहरीर दे दी। आरोपी को भी पुलिस के सुपुर्द कर दिया गया। पुलिस आरोपियों के साथ जेवर खरीदने वाले सर्राफ को भी तलाश रही है।