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नगमा के लिये प्रकाश बना जिया मोहम्मद 

Fri, 24 Mar 2017 01:16 AM IST
बरेली।  
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Jia Mohammed made light for Nagma - फोटो : बरेली, अमर उजाला
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भोजीपुरा की नगमा को पाने के लिये उसी भीकनपुर गांव का प्रकाश धर्मांतरण कराकर जिया मोहम्मद बना और दरगाह आला हजरत में निकाह पढ़ा। यह निकाह नगमा के परिवार को मंजूर नहीं था। नगमा के परिवार से जान का खतरा होने पर दोनों मुख्यमंत्री आदित्यनाथ योगी के जिला गोरखपुर चले गये। होटल और लॉज में करीब सात दिन रुकने के बाद बरेली वापस लौटकर गांव पहुंचे तो सालों ने उन्हें घेर लिया। डरकर दोनों गांव के बाहर ही भटकते रहे। गुरुवार को दोनों एसएसपी कार्यालय में सुरक्षा की गुहार लगाने पहुंचे। यहां भी दोनों साले पहुंच गए और उनपर हमलावर हो गये। नगमा ने दौड़कर एसपी देहात यमुना प्रसाद से अपनी जान को खतरा जताया। एसपी देहात ने कांस्टेबल दौड़ाकर दोनों आरोपियों को पकड़वाकर कोतवाली पुलिस के हवाले कर दिया। कोतवाली पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ शांतिभंग का चालान करके जेल भेजा है। अधिकारियों ने दोनों को सुरक्षा का आश्वासन दिया है।  
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भोजीपुरा के भीकमपुर निवासी युवक प्रकाश पेशे से ड्राइवर है। 2012 में गाड़ी चलाने के दौरान बाजार में नगमा से मुलाकात हुई थी। दोनों के बीच प्रेम हो गये। दोनों ने निकाह करने का फैसला किया तो धर्म आड़े आ गया। पीड़िता ने बताया कि परिजन जबरदस्ती एक अधेड़ युवक से उसका निकाह करवाना चाहते थे।
प्रकाश ने नगमा के परिवार को संतुष्ट करने के लिये धर्मांतरण के लिये आला हजरत दरगाह पर संपर्क किया। धर्म बदलने के बाद मौलवी अहमज रजा ने  दोनों का निकाह कराया। प्रकाश को लगा कि इसके बाद युवती का परिवार उसको स्वीकार कर लेगा, लेकिन ऐसा नहीं हुआ। युवती का परिवार रंजिश मानने लगा। पीड़िता ने बताया कि बीती 11 मार्च को दोनों ने दरगाह आला हजरत पर निकाह कर लिया। युवती के परिवार से जान का खतरा था इसलिए दोनों मुख्यमंत्री आदित्य नाथ योगी के जिला गोरखपुर पहुंच गये। 
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हाईवे के ट्रक में छिपकर बचे थे दोनों 
युवती के परिवार ने भोजीपुरा थाने में युवक के खिलाफ बहला फुसलाकर भगा ले जाने की रिपोर्ट दर्ज करवाई थी। पीड़िता ने बताया कि गुरुवार सुबह नौ बजे उसके पति को भोजीपुरा गांव में परिवार ने घेर लिया। परिवार के लोग तमंचा से लैस थे। राहगीरों ने दोनों को बचाया। दोनों जान बचाकर भागे और हाईवे के पास एक ट्रक में छिप गये। दोनों इतना डर गये कि भोजीपुरा थाने में नहीं गये।  

कांस्टेबलों को दौड़ाकर पकड़वाया भाइयों को
परिवार और पुलिस के दबाव बढ़ने के बाद गुरुवार को युवक और युवती एसएसपी कार्यालय में सुरक्षा की गुहार लगाने के लिये पहुंचे। एक रिश्तेदार ने युवती के परिजनों को दोनों के एसएसपी कार्यालय पहुंचने की बात बता दी। युवती के भाई फखरुद्दीन और शाकीब ने दोनों को एसएसपी कार्यालय परिसर में घेर लिया। जान से मारने की धमकी देने लगे। युवती भागकर अंदर पहुंची, जहां एसपी देहात यमुना प्रसाद शिकायतें सुन रहे थे। एसपी देहात के सामने खुद की जान का खतरा जताया। एसपी देहात ने कांस्टेबल दौड़ाकर दोनों भाईयों को पकड़वा लिया। 

जिया और नगमा को मिली सुरक्षा 
पीड़िता ने एसपी देहात के सामने कहा कि ऑनर किलिंग के मामले बढ़ते जा रहे हैं। पीड़िता को डर है कि उसके पति की हत्या हो सकती है। दहशत में आए दोनों गांव में नहीं घुस रहे हैं। जान बचाने के लिये भटक रहे हैं। उन्हें कोई शरण नहीं दे रहा है। एसपी देहात ने बताया कि भोजीपुरा पुलिस को निर्देश देकर सुरक्षा देने के लिये कहा गया है। 
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