सिंधौली गांव में 30 किलो गेहूं चुराने के शक में किसान ने दो दिन पहले 11 साल के मासूम को पकड़कर उसकी लात-घूसों और डंडों से पिटाई करने के बाद उसे जमीन पर पटककर पेशाब पिला दिया। पिटाई से बच्चे के कान का पर्दा फटने की आशंका है। उसके पूरे शरीर पर नीले निशान हैं। इंसानियत को शर्मसार करने वाली इस वारदात के बाद भी पुलिस की संवेदनशीलता शून्य रही। मासूम की हालत बिगड़ने पर उसकी बहन ने थाने में तहरीर देकर मुकदमा लिखाने को कहा था। पूरे मामले को रफा-दफा करते हुए पुलिस ने एनसीआर दर्ज कर आरोपी का चालान कर दिया। इसके बाद बच्चे की बहन एसडीएम के पास पहुंच गई। एसडीएम के हड़काने पर मीरगंज पुलिस हरकत में आई है, लेकिन अभी तक मुकदमा दर्ज नहीं किया है।
मंगलवार 29 मार्च सुबह 11 बजे की बात है। सिंधौली गांव के रवींद्र गंगवार के किसी ने 30 किलो गेहूं चुरा लिए। रवींद्र ने पड़ोस के 11 साल के सुनील पुत्र नरेंद्र सिंह को गेहूं चुराने के शक में पकड़ लिया और सारे कपड़े निकलवाकर आंगन में धूप में नंगा कर खड़ा कर दिया। इसके बाद लात-घूसों, डंडों से बेरहमी से पीटने लगा। इतने पर भी जब रवींद्र का गुस्सा शांत नहीं हुआ तो ग्रामीणों के सामने उसने तालिबानियों जैसी हरकत करते हुए मासूम को जमीन पर पटककर उसके मुंह में पेशाब कर दिया। पिटाई से बच्चे के कान का पर्दा फटने की आशंका है।14 वर्षीय बड़े भाई महेंद्र और मामा ने बचाने की कोशिश की तो उनकी भी रवींद्र ने पिटाई कर दी। धक्का-मुक्की करते हुए जान से मार डालने की धमकियां भी उन्हें दीं। पिटाई से मासूम का कान का पर्दा भी फट जाने की आशंका है। पुलिस ने एनसीआर दर्ज कर आरोपी का शांतिभंग की आशंका में चालान भर करके मामला निपटा दिया। भाई की हालत बिगड़ने पर दियोसास गांव में ब्याही सुनील की बहन पिंकी पत्नी सतीश चंद्र उसे लेकर थाने पहुंची और पूरी हकीकत बयां करते हुए तहरीर दी। एसडीएम से मिलकर मासूम का मेडिकल कराने और आरोपी के खिलाफ गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज करवाकर सख्त कार्रवाई सुनिश्चित कराने की मांग की है। एसडीएम ने एसओ मीरगंज को एफआईआर दर्ज कर जांच कराने और कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित कराने के निर्देश दिए हैं। देर शाम खबर लिखे जाने तक एफआईआर दर्ज नहीं हो सकी थी। एसओ बच्चू सिंह यादव ने बताया कि जांच कराई जा रही है। देर रात या शुक्रवार सुबह तक एनसीआर को संबंधित गंभीर धाराओं में तरमीम कर लिया जाएगा।
चाचा-चाची ने पाले हैं बच्चे
सुनील और महेंद्र के बचपन में ही कुदरत ने उनके सिर से मां-बाप का साया उठा लिया था। चाची उमा देवी इन बच्चों की परवरिश कर रही हैं। पिटाई से बेहाल सुनील के पूरे शरीर पर नीले निशान पड़ गए हैं। कई गहरी गुम चोटें आई हैं। बिस्तर से भी मुश्किल से ही उठ पा रहा है।
आरोपी के खिलाफ कार्रवाई तय
मैं लखनऊ में हूं। बच्चे की पिटाई कर पेशाब पिलाने का गंभीर मामला अभी-अभी संज्ञान में आया है। नियमानुसार एफआईआर दर्ज करवाकर कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित कराई जाएगी। इतने गंभीर मामले में एनसीआर क्यों लिखी गई, इसकी भी जांच की जाएगी-मनोज पांडेय, सीओ मीरगंज