भमोरा। कुरकुरे लेकर सड़क पार कर रहे सात साल के बच्चे को बाइक सवार युवक ने टक्कर मार घायल कर दिया। हंगाम होने पर वह उसे इलाज के लिए डॉक्टर के पास ले गया। बच्चे की मौत हुई तो शव को सड़क किनारे खेत में फेंककर भाग गया। बच्चे के घर और रिश्तेदारी में चीख पुकार मच गई। पुलिस ने युवक के एक रिश्तेदार को उठा लिया है। करीब पांच घंटे बाद सड़क किनारे खेत में शव मिल गया। कुंवर गांव (बदायूं) के नरूऊ गांव के मुनेंद्र अपनी पत्नी मीना और सात साल के बेटे वैभव के साथ अपने ससुराल भमोरा आए थे। आठ जुलाई को उनके साले बालिस्टर के बेटे की शादी हुई थी। बालिस्टर बिनावर (बदायूं) के सराय गांव से यहां बसे हैं। शादी के बाद मुनेंद्र वापस गांव चले गए। जबकि मीना और उनका बेटा वैभव ननिहाल में ही थे। सोमवार शाम सात बजे वैभव ने मां से पांच रुपये मांगे और कुरकुरे लेने दुकान पर चला गया। सड़क पार करते समय आंवला से आ रही बाइक यूपी 24 जेड 4022 ने उसे टक्कर मार दी। वैभव गंभीर रूप से घायल हो गया। लोगों ने बाइक सवार को पकड़ लिया। हंगामा बढ़ता देख उसने कहा कि यह बच्चा उसका है। वह इलाज के लिए ले जा रहा है। वह बाइक को छोड़कर टेंपो से भमोरा चौराहे पर प्राइवेट डॉक्टर के पास चला गया। वहां डॉक्टर ने हालत गंभीर बताते हुए बरेली रेफर कर दिया। घबराहट में वह टेंपो में सवार हुआ और बरेली चला गया। इधर घर वाले भी डॉक्टर के पास पहुंच गए। उन्होंने बच्चे के बारे में जानकारी की तो पता चला कि युवक उसे लेकर बरेली चला गया है। इससे घर वाले परेशान हो गए। पुलिस ने युवक की बाइक को कब्जे में ले लिया। उसके कागजों के आधार पर युवक का नाम और पते की जानकारी की कोशिश की गई। बाइक की आरसी में गाड़ी मालिक का नाम राजेेंद्र पुत्र मलखान निवासी उरैना बजीरगंज बदायूं अंकित था। पता चला कि वह यहां अपनी ससुराल जा रहा था। इस बीच देर रात पुलिस को बरेली-बदायूं मार्ग से लिंक रोड जमालपुर मार्ग के खेतों पर बच्चे की लाश मिल गई। इससे घर वाले बदहवास हो गए। पुलिस ने युवक के चचेरे साले को हिरासत में लिया तो उसने कहा कि युवक ने फोन कर उसे बुलाया था। वह उसे बल्लिया तक छोड़ आया। एसओ भमोरा केके यादव ने बताया कि साले से पूछताछ चल रही है।