पीलीभीत में सामूहिक दुष्कर्र्म का शिकार हुई 14 वर्षीय किशोरी की मां भारी सदमे में है। बरेली के जिला अस्पताल में भर्ती किशोरी की देखभाल के लिए आई उसकी मां ने बताया कि उसकी बेटी पर दुराचारियों ने वहशियाना जुल्म किया है। वे उसे सड़क से उठा ले गए थे। नल पर पानी पीते वक्त उसकी पीठ में इतनी जोर से घूंसा मारा था कि वह बेहोश हो गई थी। दो आरोपी अजय और मंगल को तो उसने पहचान लिया है। बाकी दुराचारी सामने आएंगे तो उन्हें भी पहचान लेगी।
पीड़ित किशोरी की मां ने बताया कि उसकी बेटी बुधवार शाम अपने बड़े भाई के घर भतीजे को खिलाने के लिए जाने की बात कहकर घर से निकली थी। उसका बेटा जंक्शन के पास काशीराम आवास में रहता है। पांच बजे वह अपने भाई के घर पहुंची। शाम करीब साढ़े पांच बजे भाभी के कहने पर वह घर लौटने के लिए निकली। रेलवे फाटक पार कर गुरुद्वारे के आगे पहुंचकर वह एक सरकारी नल पर पानी पीने रुकी। वह पानी पी रही थी तभी सामने खड़े कुछ लड़काें ने उसकी पीठ पर इतनी जोर का घूंसा मारा कि वह वहीं बेहोश होकर गिर पड़ी। शाम साढ़े सात बजे उसे होश आया तो वह हाइवे के किनारे नाले के पास बेहोश पड़ी थी। पुलिस ने उसे उठाया तो उसने अपने पिता का नाम बताया। किशोरी की मां ने बताया कि दुराचार करने वाले अजय और मंगल को तो उनकी बेटी ने पहचान लिया है। ये दोनों आसपास ही रहते हैं। मगर उसे उठाकर ले जाने वाले सात लड़के थे, बाकी को बेटी नहीं जानती। उन्होंने बताया कि किशोरी के पिता नहीं है। वह घराें में काम कर परिवार चलाती है। दो बेटाें और बेटियाें में एक बेटे और बेटी की शादी हो गई है। यह सबसे छोटी बेटी है जो कक्षा पांच तक पढ़ी है।
खून चढ़ने के बाद सुधरी हालत
किशोरी की मां ने बताया कि उसकी बेटी को अस्पताल में भर्ती होने के बाद भी काफी रक्तस्राव हुआ। पीलीभीत के अस्पताल से बरेली अस्पताल लाने के बाद उसे एक यूनिट खून चढ़ाया गया है। महिला अस्पताल की चिकित्सकाें ने बताया कि खून चढ़ने के बाद किशोरी की हालत में कुछ सुधार हुआ है, लेकिन अभी कुछ कहा नहीं जा सकता। बताया जा रहा है कि कि शोरी के प्राइवेट पार्ट में टांके भी लगे हैं।