राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (एनएचएम) में अधिकारी कंपनी का नाम बदलकर अपने चहेतों को ठेका दिला रहे हैं। चार ऐसी कंपनियों के नाम आए हैं, जिनमें एक ही व्यक्ति किसी न कि सी तरह से जुड़़ा है। इनमें दो कंपनियों के पते बरेली के हैं। एनएचएम के आला अधिकारियों तक कंपनी बदलकर ठेका लेने के इस खेल की जानकारी पहुंच गई है, लेकिन किसी कंपनी पर अभी तक कार्रवाई नहीं हुई है।
एनएचएम में टेंडर दिए जाने के नाम पर बड़ा खेल हुआ है। इस खेल में कुछ पुराने खिलाड़ियों को भी एक अधिकारी ने पछाड़ दिया है। पहले से ही बदनाम यह अधिकारी डबल गेम करता है। विभाग की कमाई के साथ कंपनी में अघोषित पार्टनरशिप का भी लाभ उठाता है। इस बार ईं-टेंडरिंग के जरिए कंपनियों को काम मिला है। अपनों को टेंडर देने के लिए यह हुआ कि तीन बार एक ही कं पनी का अकेला टेंडर डलवाया गया। तीन बार में किसी का टेंडर नहीं आया तो अप्रूबल लेकर उसी कंपनी को टेंडर दे दिया गया। इससे ई-टेंडरिंग का नियम भी पूरा हो गया और अपनों का भला भी कर दिया गया। ऐसा एक नहीं, चार कंपनियों के नाम से खेल हुआ है। इनमें दो कंपनियों के पते गाजियाबाद के हैं और दो के बरेली के हैं। हालांकि सीएमओ डॉ. एनके गुप्ता का कहना है कि टेंडरों में कोई खेल नहीं हुआ। कुछ पुराने लोगों को इस बार ठेके नहीं मिल पाए हैं। वही लोग शिकायतें कर रहे हैं।