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बच्ची से रेप, शिकायत पर घर वालों को पीटा

Sat, 18 Jun 2016 12:46 AM IST
ब्ययूराो, अमर उजाला बरेली।
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अमरूद खिलाने के बहाने बाग में बंद करके पंद्रह साल के किशोर ने सात साल की बच्ची से दरिंदगी की। दो दिन बाद किशोरी के परिवार को घटना की जानकारी हुई। वह शिकायत करने गए तो आरोपी पक्ष के लोगों ने उन्हें बंधक बनाकर पीटा। पीड़ित पक्ष की तहरीर पर पुलिस ने मनमानी करते हुए छेड़छाड़ की धाराओं में रिपोर्ट दर्ज कर ली। पीड़ित बच्ची का मेडिकल परीक्षण नहीं कराया गया है। 
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बृहस्पतिवार को रात करीब 11 बजे घायल महिलाओं के साथ पहुंचे क्षेत्र के एक गांव निवासी ग्रामीण ने बताया कि उनकी सात वर्षीय बेटी 14 जून की शाम जानवरों को चराकर खेत से वापस घर लौट रही थी। तभी उनके पड़ोसी के 15 वर्षीय पुत्र ने अमरूद खिलाने के बहाने उसे अपने बाग में बुला लिया। बेटी के अंदर जाने पर उसने बाग का गेट बंद कर लिया। उसके चारो ओर बाउंड्रीवाल है। पिता का आरोप है कि बेटी से दुराचार करने के बाद आरोपी ने बेटी को जान से मारने की धमकी देते हुए उसे भगा दिया। डरी सहमी बेटी दो दिन तक खामोश रही। गुरुवार की शाम उसकी मां ने जब बेटी से पूछताछ की तो उसने रोते हुए घटना के बारे में बताया। जब वह पड़ोसी से उसके बेटे की शिकायत करने गये तो उसने अपनी बिरादरी के लोगों को इकट्ठा करके उन पर हमला कर दिया। रेप के आरोपी के पक्ष के दर्जनों लोग लाठी डंडे लेकर उसके घर में घुस आए। पीड़ित बच्ची के पिता, मां, पऔर रिश्तेदार को पीटकर लहूलुहान कर दिया। पीड़ित की तहरीर पर पुलिस ने आरोपी के खिलाफ छेड़छाड़ की धाराओं, पाक्सो एक्ट में 14 लोगों पर मारपीट और बलवा की धाराओं में रिपोर्ट दर्ज कर ली। पुलिस ने न तो पीड़िता का मेडिकल परीक्षण कराया और न ही उसके बयान दर्ज कराए।

इनके खिलाफ दर्ज हुई रिपोर्ट
मनोज, देवदत्त, धर्मेंद्र, किशनपाल, सत्यपाल, सुनील, रामदीन, ओमकार, नरेश, कृष्णपाल, लाखन सिंह, अनिल, विमल, धर्मेंद्र (द्वितीय) के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज हुई है। 
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वर्जन
- बेटी के साथ दुराचार की बजाय पुलिस ने छेड़छाड़ दर्ज की है। न मेडिकल परीक्षण कराया और बयान कराए। हम आज बेटी को लेकर एसएसपी से मिलने गए थे पर मुलाकात नहीं हो सकी। कल फिर मिलने जाएंगे। थाना पुलिस दूसरे पक्ष पर मेहरबान है, इसकी शिकायत करेंगे। - लड़की के पिता


रात में थाने में महिला पुलिस न होने की वजह से किशोरी का मेडिकल परीक्षण और बयान नहीं कराया जा सका। शुक्रवार को दिन भर पुलिस ने पीड़ित पक्ष का इंतजार किया पर वह किशोरी को लेकर नहीं आए। उनके आते ही मेडिकल परीक्षण करा दिया जाएगा। प्राथमिक तौर पर मामला छेड़छाड़ का लग रहा है पर अगर मेडिकल परीक्षण में दुराचार की स्थिति मिली तो मुकदमे में धारा बढ़ा दी जाएगी। - श्यामलाल, प्रभारी थानाध्यक्ष फतेहगंज पूर्वी
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