नवाबगंज। गन्ना कोल्हू पर काम करने वाले मजदूर को मजदूरी दिलाने के एवज में यूपी 112 के सिपाहियों ने 800 रुपये की रिश्वत ले ली। शिकायत मिलने पर सीओ ने मामले की जांच की। मामला सही पाए जाने पर एसएसपी शैलेश पांडेय ने दोनों सिपाहियों को सस्पेंड कर दिया है।
ईंधजागीर निवासी वीरेंद्र गिरि बरेली-पीलीभीत हाईवे पर टीकाराम के कोल्हू पर मजदूरी करते थे। वीरेंद्र ने कोल्हू पर सात दिन काम किया, लेकिन जब मजदूरी मांगी तो कोल्हू स्वामी ने टरका दिया। इस पर वीरेंद्र ने यूपी 112 पर फोन कर मदद मांगी। सूचना पर पहुंची यूपी-122 पुलिस ने कोल्हू स्वामी से मजदूरी के 1800 रुपये ले लिए, लेकिन वीरेंद्र को एक हजार रुपये ही दिए। बाकी 800 रुपये अपने पास रख लिए। वीरेंद्र ने पूरे रुपये मांगे तो उसे जेेल भेजने की धमकी देकर भगा दिया। वीरेंद्र रोता बिलखता कोतवाली पहुंचा और इंस्पेक्टर गौरव सिंह को घटना की जानकारी दी। उन्होंने पुलिस कर्मियों को बुलाकर फटकार लगाई और रुपये वापस करा दिए। अमर उजाला ने इस मामले को प्रमुखता से प्रकाशित किया तो जांच सीओ योगेंद्र सिंह को सौंपी गई। उनकी जांच रिपोर्ट के आधार पर एसएसपी शैलेश पांडेय ने पीआरवी प्रभारी अतर सिंह और कांस्टेबल जयदेव को सस्पेंड कर दिया है। होमगार्ड के खिलाफ भी कार्रवाई के लिए लिखा गया है।