जांच के लिए गले की हड्डी और विसरा किया गया सुरक्षित
देवरनिया। थाना क्षेत्र के गांव इटौआ शरीफनगर में बुधवार को तालाब में मिले पांच साल के छात्र अनुराग के शव के पोस्टमार्टम में मौत की वजह साफ नहीं हो पाई। उसका विसरा और गले की हड्डी को सुरक्षित रखा गया है।
बदायूं के बिसौली थाने के कौरेरा निवासी महेंद्र पाल के पांच वर्षीय पुत्र अनुराग का शव बुधवार को ननिहाल देवरनिया के गांव इटौआ शरीफनगर के एक तालाब में उतराता मिला था। वह 18 दिसंबर से गायब था। मां की मौत के बाद से अनुराग नाना ढाकनलाल के पास रह रहा था। उसके पिता ने उसके नाम एक मकान और पांच बीघा जमीन भी कर रखी थी। पुलिस ने उसके शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा। गुरुवार को हुए पोस्टमार्टम में मौत की वजह साफ नहीं हुई। विसरा और गले की हड्डी को सुरक्षित रखा है। इसके परीक्षण के बाद ही स्थिति साफ होगी। गुरुवार को इटौआ ननिहाल में ही अनुराग के शव का अंतिम संस्कार कर दिया गया।