फतेहगंज पूर्वी। टेंपो में बैठी एक बालिका से नशेड़ी युवक ने हजार रुपये के बदले उसकी आबरू लूटने की कोशिश की। बालिका के शोर मचाने पर जुटे लोगों ने युवक को पकड़ लिया और पिटाई कर पुलिस को सौंप दिया। थाने पहुंचने पर बालिका और उसकी मां ने कोर्ट कचहरी के चक्कर से बचने के लिए तहरीर नहीं दी। इस पर पुलिस ने आरोपी का शांतिभंग में चालान कर जेल भेज दिया।
घटना फतेहगंज पूर्वी में थाने से सौ गज दूर टैक्सी स्टैंड के पास हुई। इलाके के गांव की अनुसूचित जाति की बालिका रविवार दोपहर में सिमरा हरचंदपुर में एक ढाबे पर काम करने वाले भाई से मिलने लिए घर से निकली। स्टैंड पर पहुंचने पर एक खाली टेंपो में बैठ गई। ड्राइवर सवारियों को आवाज देकर बुला रहा था। इसी दौरान बदायूं जिले के विल्सी निवासी नन्हे नशे में आया और टेंपो में बैठ गया। बालिका को अकेला देख उसने हजार रुपये देकर उसकी आबरू लुटने की कोशिश की। इस पर बालिका ने शोर मचा दिया। शोर सुनकर आसपास के लोग वहां पहुंच गए। उन्होंने उसकी जमकर पिटाई की और पुलिस को सौंप दिया। पुलिस उसे थाने लेकर आई। इधर बालिका ने अपनी मां को सूचना देकर बुला लिया। थाने में पहुंची मां -बेटी ने युवक के खिलाफ तहरीर देने से मना कर दिया। गरीबी का हवाला देकर बताया कि वह कोर्ट कचहरी के चक्कर में नहीं पड़ना चाहती हैं। इस पर पुलिस ने आरोपी का शांतिभंग में चालान कर जेल भेज दिया। आरोपी निकसुआ में एक ढाबे पर खाना बनाता है। वह गिहार कॉलोनी में देसी शराब पीने आया था।
बेटी बच गई यही बहुत है
बालिका की मां ने बताया कि बेटी की इज्जत बच गई यही बहुत है। विधवा होने के बाद किसी तरह से घर का चूल्हा जल रहा है। दो बेटे ढाबे पर काम करके घर चला रहे हैं। अगर कोर्ट कचहरी के चक्कर में पड़ गई तो घर का चूल्हा भी नहीं जल सकेगा।