फोटो- चारों आरोपी
आईबी इंस्पेक्टर और फॉलोअर के बेटे ने की थी छेड़छाड़
पुलिस ने टेंपो सवार छात्राओं से छेड़छाड़ करने वाले चार शोहदों को जेल भेजा
कार से हटा दिया था भाजपा का झंडा और मिटा दिया था महाकाल
अमर उजाला ब्यूरो
बरेली। चार दिन पहले टेंपो में बैठी छात्राओं से महरुन रंग की कार में बैठे जिन चार शोहदों ने छेड़छाड़ की थी, बारादरी पुलिस ने नंबर ट्रेस कर उन्हें गिरफ्तार कर लिया। वह शहर के ही निवासी निकले जो रंगबाजी और पार्टी के लिए रात में कार से निकलते थे। इनमें से एक आईबी इंस्पेक्टर और दूसरा इज्जतनगर थाने की महिला फॉलोअर का बेटा है। छात्राओं से तस्दीक के बाद इन्हें जेल भेजा गया।
बरेली कॉलेज की दो छात्राओं के साथ परिचित छात्र 19 नवंबर की शाम वजीफा का फॉर्म लेकर बरेली कॉलेज से निकले थे। टेंपो के बराबर पीछे से महरून रंग की कार आई जिसमें बैठे चार युवकों ने लड़कियों से छेड़छाड़ की। छात्र ने विरोध किया तो इन लोगों ने टेंपो का पीछा करते हुए गालियां दीं। सेटेलाइट पुलिस चेक पोस्ट पर इन्हें गालियां देकर और बोतल फेंककर भाग गए। शुरू में पुलिस ने कार्रवाई नहीं की। अगले दिन जब छात्राओं ने सीएम पोर्टल से लेकर रीता बहुगुणा जोशी व कई मंत्रियों को ट्वीट कर शिकायत की तो पुलिस हरकत में आई। पुलिस ने बताया कि पीड़ितों से मिला नंबर दूसरे वाहन का निकला। कई मिलते हुए नंबरों को एप पर डालकर चेक किया तो कार और आरोपी ट्रेस हो गए। कार फियेट की लियोनार्ड थी। आरोपियों में संजय नगर का मोहित कुमार, एकता नगर का नमन गोस्वामी, सिठौरा हाफिजगंज का कृष्णपाल उर्फ केपी और सैनिक कॉलोनी इज्जतनगर का अभिषेक था। शुक्रवार सुबह बारादारी क्षेत्र से गिरफ्तारी के बाद उन्होंने स्वीकार कर किया कि उस दिन नशे में उन्होंने लड़कियों से हूटिंग की थी। उनके साथी ने गुस्सा दिखाया तो उन्होंने उसे डपट दिया। पुलिस के अनुसार आरोपी केपी की मां इज्जतनगर थाने में फॉलोअर हैं और मोहित के पिता आईबी में इंस्पेक्टर हैं। इंस्पेक्टर नरेश त्यागी ने बताया कि कार से इन लोगों ने भाजपा का झंडा और महाकाल लिखा शब्द हटा दिया था। शुक्रवार सुबह छात्राओं व उनके साथी ने आरोपियों की पहचान भी कर ली।