बरेली। पत्नी आरती को बेरहमी से काटकर मारने वाला धीरज न तो पेशेवर हत्यारा है और न ही उसने पहले कोई आपराधिक कृत्य किया है। वह डिग्री कॉलेज में कला विषय का शिक्षक है और सामाजिक व राजनीतिक गतिविधियों में भी शामिल रह चुका है। उसकी इस हरकत पर विद्यालय प्रबंधन सन्न है तो छात्रों से लेकर अन्य जानने वालों में भी तरह-तरह की चर्चाएं हैं। अखबारों में उसका फोटो देख लोग उसकी करतूत पर गुस्सा जता रहे हैं।
धीरज ने वर्ष 2012 में भारतीय हिंद एकता दल के नाम से एक संगठन बनाया था और खुद उसका राष्ट्रीय अध्यक्ष था। संगठन के बैनर तले उसने कई सामाजिक और राजनीतिक गतिविधियां कीं। भाजपा से जुड़े मिंटू सिंह ने बताया कि 14 नवंबर 2013 की शाम को धीरज ने उन्हें कॉल करके अपने दफ्तर बुलाया था। वहां 15 तारीख को रिलीज होने जा रही रामलीला फिल्म को समाज विरोधी बताकर विरोध की रूपरेखा बनाई। वे लोग रणनीति बनाकर 15 को फीनिक्स मॉल पर विरोध जताने गए। वहां पुलिस का सख्त पहरा था, तो वह लौट आए और कलक्ट्रेट पर प्रदर्शन कर ज्ञापन सौंपा। 2013 में ही केदारनाथ आपदा के वक्त डिफेंस कॉलोनी से एक ट्रक भरकर राहत सामग्री जुटाकर पीड़ितों तक पहुंचाने का काम भी धीरज ने किया था। इन कामों से उसकी क्षेत्र में खासी पहचान हो गई थी। इसी का फायदा उठाते हुए उसने शिक्षा क्षेत्र में नौकरी भी खोज ली थी। वह कई संस्थानों में सेवाएं दे चुका है। एक साल से वह मीरगंज के महर्षि दयानंद डिग्री कॉलेज में कला विषय का शिक्षक है। प्रबंधन के मुताबिक रक्षाबंधन से पहले तक वह नियमित कॉलेज आ रहा था। उसका स्टाफ और स्टूडेंट से बेहतर संवाद था, वो ऐसा कर देगा ये वो लोग कल्पना भी नहीं कर पा रहे।
गला काटने से ही हुई मौत, नाक पर भी किया वार
रविवार को शव का पोस्टमार्टम कराया गया। इसमें आरती की मौत की वजह गला काटना आया। गले की हड्डी दो जगह से पूरी कटी हुई थी। लग रहा था कि सोते वक्त अचानक उस पर हमला किया गया है। उसकी दोनों कलाई की नसें कटी थीं तो पेट में चाकू मारकर आंतें निकाली गई थीं। आंखों में चाकू घोंपा गया था तो नाक पर भी चाकू से वार का निशान मिला।
बाइक में चेन लगाकर डाला ताला
मकान मालिक नीरज अग्रवाल ने धीरज की बाइक में लोहे की मोटी चेन लगाकर ताला लगा दिया है। ताकि बरामदे से उसे कोई निकाल न ले जाए। नीरज ने बताया कि यह बात उन्होेंने पुलिस को भी बता दी है कि पुलिस जब चाहे तब लिखापढ़ी में बाइक ले जा सकती है। पुलिस ने फिलहाल कमरे में न घुसने और चीजों को न छूने की हिदायत दी थी। इसलिए उन्होंने छत के कमरे की चाबी भी पुलिस को सौंप दी है।
घर में लगा ताला, पुलिस टीमें दे रहीं दबिश
एसपी सिटी के निर्देशन में पुलिस की टीमें धीरज और उसके परिवार की तलाश में धड़ाधड़ दबिश दे रही हैं। डिफेंस कॉलोनी के घर पर ताला डालकर तीनों आरोपी फरार हैं। पुलिस ने इनकी रिश्तेदारियों, परिचितों के घरों में दबिश दी पर वे नहीं मिले। पुलिस ने धीरज के कई परिचितों को थाने बुलाकर उसके बारे में जानकारी जुटाई जा रही है। एक करीबी दोस्त को पुलिस खुद ही पकड़ लाई है। दबाव बनाने के लिए पुलिस धीरज के कुछ करीबियों को उठा सकती है। रविवार होने की वजह से उसके मोबाइल की लोकेशन या लास्ट लोकेशन भी नहीं मिल सका।
अच्छे वकील की तलाश में थी आरती
आसपास के लोगों ने बताया कि गुरुवार और शुक्रवार को आरती ने स्थानीय दुकानदार और एक माली से मिलकर शहर के किसी अच्छे वकील के बारे में पूछताछ की थी। उन्हें बताया था कि पति ने शोषण की इंतिहा कर दी है इसलिए वह उसे सबक सिखाने को कानूनी लड़ाई आगे बढ़ाना चाहती है। इन लोगों ने उसे कुछ वकीलों के नाम भी बताए पर उनके मोबाइल नंबर नहीं बता सके।