सीबीगंज। गोशाला का भ्रमण करने गए अखिल भारतीय गो रक्षा परिषद के कार्यकर्ताओं को कर्मचारियों ने गेट पर ही रोक दिया। इससे भड़के कार्यकर्ताओं ने गेट ही अनिश्चितकालीन धरना-प्रदर्शन शुरू कर दिया। सूचना पर पुलिस टीम और अधिकारी मौके पर पहुंचे। आक्रोशित कार्यकर्ताओं को समझाने का प्रयास किया, मगर वह नगर आयुक्त को बुलाने की मांग पर अड़ गए। शाम सात बजे नगर आयुक्त पहुंचे तो आठ घंटे बाद मामला शांत हुआ। माैके पर पुलिस तैनात कर दी गई है।
अखिल भारतीय गो रक्षा परिषद के अध्यक्ष हेमंत गंगवार ने बताया कि उन्होंने दो दिन पूर्व सीबीगंज की नंदोसी, फतेहगंज पश्चिमी की रफियाबाद व मीरगंज गोशालाओं का भ्रमण करने के लिए जिलाधिकारी अनिवाश सिंह को लिखित सूचना दी थी। उसी के आधार पर 13 फरवरी को उनके संगठन के कार्यकर्ता सीबीगंज पुलिस के साथ नंदोसी स्थित गोशाला का भ्रमण करने गए, मगर वहां तैनात सुपरवाइजर विजय पाल ने अंदर नहीं घुसने दिया। उनसे कार्यकर्ताओं की नोकझोंक भी हुई थी।
इसके बाद शनिवार को कार्यकर्ता व पदाधिकारी झुमका तिराहे पर एकत्र हुए, फिर गोशाला के गेट पर पहुंच कर अनिश्चितकालीन धरने पर बैठ गए। आरोप लगाया कि कान्हा उपवन में गायों की मौत हो रही है और उन्हें वहीं पर दबा दिया जा रहा है। गाय को चारा तक नहीं मिल रहा है। उन्होंने सुपरवाइजर को हटाने की मांग की। उपवन में हो रहे मछली पालन व कुत्ता पालन को तत्काल बंद कराने की बात कही।
सूचना पर पहुंचे ग्रामीण भी धरने में शामिल हो गए। आरोप लगाया कि निगम की ओर से कई साल से ऐसी की व्यवस्था चल रही है। उपवन सरकारी होने के बाद भी वहां पर किसी को अंदर नहीं जाने दिया जाता है। अंदर की कोई खबर बाहर नहीं आती। गांव वालों का कहना है कि कई बार अंदर से गाय को छिपाकर ले जाया जाता है। देर शाम नगर आयुक्त संजीव मौर्य मौके पर पहुंचे और पांच लोगों के प्रतिनिधिमंडल के साथ वार्ता की। इसके बाद मामला शांत हुआ। संवाद