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कोरोना वैक्सीनेशनः टूटी हिचकिचाहट तो को-विन पोर्टल ने नहीं दिया साथ

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टीका लगवाते स्वास्थ्यकर्मी। - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, बरेली
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बरेली। पहले चरण में तीसरे चक्र मेें कोविड टीकाकरण में स्वास्थ्यकर्मियों ने बढ़चढ़कर प्रतिभाग किया। 34 केंद्रों पर 65 सत्रों में सरकारी और गैरसरकारी अस्पतालों के 5076 स्वास्थ्यकर्मियों को प्रतिरक्षित किया गया। पहली बार 75 फीसदी टीकाकरण का लक्ष्य प्राप्त होने की स्थिति में था मगर दोपहर में को-विन पोर्टल सर्वर डाउन होने से कई स्वास्थ्यकर्मियों का सत्यापन ही नहीं हो पाया।
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गुरुवार को तीसरे चक्र में निजी स्वास्थ्यकर्मियों के साथ स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों और कर्मचारियों को टीके लगाने का दौर सुबह नौ बजे शुरू हुआ। एसीएमओ डॉ. केसी जोशी, डॉ. महेंद्र गंगवार, डॉ. अजय गुप्ता, डॉ. गिरीश अग्रवाल, डॉ. रवीश अग्रवाल, डॉ. रवि खन्ना के साथ दोपहर ढाई बजे तक करीब तीन हजार स्वास्थ्यकर्मियों को टीका लगा। इस बीच सीएमओ डॉ. सुधीर गर्ग ने रामनगर पीएचसी और मझगवां व भमोरा सीएचसी का निरीक्षण किया। एसीएमओ डॉ. केसी जोशी ने सीएचसी बहेड़ी और सीएचसी रिछा का दौरा किया। जिला प्रतिरक्षण अधिकारी डॉ. आरएन सिंह नवाबगंज और दलेलनगर सीएचसी पर पहुंचे। टीकाकरण के बाद कुछ स्वास्थ्यकर्मियों में शरीर दर्द, मितली आने और हल्के बुखार के लक्षण दिखे लेकिन कुछ देर बाद सभी पूरी तरह स्वस्थ हो गए।
दोपहर में को-विन पोर्टल पर एलॉटमेंट ऑप्शन सर्वर डाउन होने की वजह से ऐसे कई स्वास्थ्यकर्मी टीका लगवाने में कामयाब नहीं हो सके जो आगे की तिथियों में पंजीकृत थे मगर गुरुवार को ही टीका लगवाना चाह रहे थे। संजीवनी अस्पताल के एमडी डॉ. एके चौहान, अतुल लतिका अस्पताल के डॉ. अतुल अग्रवाल आदि निर्धारित समय पर पहुंचे मगर सत्यापन में दिक्कत होने की वजह से उन्हें टीका नहीं लगाया जा सका।

आज 45 केंद्रों पर 58 सत्र में लगेंगे टीके

सीएमओ डॉ. सुधीर कुमार गर्ग ने बताया कि पहले चरण के चौथा चक्र का टीकाकरण शुक्रवार को होगा। इसके तहत 45 केंद्रों में 58 सत्र होेंगे। 17 सरकारी और 28 निजी अस्पतालों को केंद्र बनाया गया है। उन्होंने बताया कि कोविशील्ड टीका पूरी तरह सुरक्षित है। कोई भी वैक्सीन लेने के बाद हल्की तबियत खराब होती है। इसका मतलब होता है कि टीका अपना काम कर रहा है। हालांकि यह शरीर पर किसी तरह का प्रतिकूल प्रभाव नहीं छोड़ता है। उन्होंने सभी स्वास्थ्यकर्मियों से अपील की कि वे घबराएं नहीं और वैक्सीन लगवाकर कोरोना संक्रमण की चेन तोड़ने में सहयोग करें।
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फोन करके बुलाया फिर भी नहीं आए
जिला प्रतिरक्षण अधिकारी डॉ. आरएन सिंह ने बताया कि जिले में 65 फीसदी से ज्यादा टीकाकरण करने में सफलता मिली है। 75 फीसदी से पार जाने का लक्ष्य हासिल करने के लिए प्रत्येक केंद्र पर वैक्सीनेशन के लिए पंजीकृत स्वास्थ्यकर्मियों को फोन कर बुलाने का भी टीम को निर्देश दिया था। टीम ने कई लोगों को कॉल की लेकिन फिर भी वे टीका लगवाने नहीं पहुंचे। उन्होंने यह रिपोर्ट भी तैयार कराई है कि स्वास्थ्यकर्मी किन वजहों से टीका नहीं लगवा पा रहे हैं। ऐसे स्वास्थ्यकर्मियों ने इसकी वजह बीपी, हार्ट संबंधी समस्या, पीलिया जैसे रोगों के साथ जिले से बाहर होने जैसे कारण बताए हैं।

29 को टीकाकरण, वैक्सीन केंद्रों पर सुरक्षित

जिला प्रतिरक्षण अधिकारी ने बताया कि 29 जनवरी यानी शुक्रवार को भी टीकाकरण होगा लिहाजा केंद्रों पर भेजी गई वैक्सीन को वहीं बने मिनी कोल्ड चेन रूम में सुरक्षित रखवा दिया गया है। इसके अलावा अतिरिक्त डोज भी भेज दी गई है। सुबह नौ से टीकाकरण शुरू होगा। किसी तरह की कोई समस्या होने पर केंद्र पर मौजूद नोडल अफसर निस्तारण कराएंगे। पुलिस और प्रशासन की टीम समेत स्वास्थ्य विभाग के उच्चाधिकारी भी निरीक्षण कर टीकाकरण को सफल बनाने में सहयोग करेंगे।
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