बरेली। गर्मी के साथ बिजली की खपत बढ़ रही है। शहर के चार डिवीजनों में गर्मी से पहले 4.52 लाख यूनिट बिजली की खपत होती थी जो बढ़कर अब 5.56 लाख यूनिट पहुंच गई है। ट्रांसफार्मर ओवरलोड होकर फुंक रहे हैं। इस साल भी एक लाख से अधिक लोगों को बिजली संकट झेलना पड़ेगा।
पीरबहोड़ा, सरायखाम, नैनीताल रोड, कर्मचारी नगर, सुभाषनगर, कांकरटोला, जोगीनवादा, हजियापुर में 30 से अधिक ट्रांसफार्मर ओवरलोड होने से 1.25 लाख लोग प्रभावित हो रहे हैं। विद्युत निगम के अभियंताओं ने गर्मी से पहले सिस्टम को दुरुस्त नहीं किया, नतीजतन 15 दिन में दो ट्रांसफार्मर फुंक चुके हैं।
कुतुबखाना में दस एमवीए का ट्रांसफार्मर फुंका। 50 हजार लोग परेशान हुए। तीन दिन तक लोगों को संकट झेलना पड़ा। रोहिली टोला में 400 केवीए का ट्रांसफार्मर फुंका तो 24 घंटे तक 500 से अधिक परिवार बिजली-पानी के लिए तरस गए। शहर के चारों खंडों में गर्मियों में लोड बढ़कर आठ लाख यूनिट तक पहुंचता है पर सिस्टम इसे झेलने के लिए तैयार नहीं है।
कोट
रीवैम्प योजना में ट्रांसफार्मरों की क्षमता बढ़ाने के कार्य अप्रैल में पूरा कराएंगे ताकि मई-जून में उपभोक्ताओं को परेशानी न हो। जहां ओवरलोडिंग ज्यादा है, वहां पहले काम होंगे। - विकास सिंघल, अधीक्षण अभियंता
प्रति सप्ताह दस ट्रांसफार्मरों की होगी मरम्मत
अधीक्षण अभियंता ने बताया कि एक सत्पाह में प्रत्येक उपकेंद्र के दस-दस ट्रांसफार्मरों की मरम्मत होगी। ट्रांसफार्मर में तेल भरने से लेकर लीड आदि की मरम्मत करेगी ताकि गर्मी और ओवरलोडिंग पर फाल्ट न होने पाएं।