जनप्रतिनिधि बोले- विद्युत निगम के अफसर उनकी नहीं सुनते
समीक्षा बैठक में जनप्रतिनिधियों ने बिजली कटौती का मुद्दा उठाया। कहा कि इससे लोग खासे परेशान हैं। फॉल्ट दूर करने में काफी समय लग रहा है। इस पर सीएम नाराज हो गए। चीफ इंजीनियर से कड़े शब्दों में कहा कि मामला गंभीर है। दो-चार दिन के अंदर सभी कमियों को दूर करें और रिपोर्ट दें। इस पर बरेली के जनप्रतिनिधियों ने बिजली संकट पर बोलना शुरू कर दिया। कहा कि विद्युत निगम के अधिकारी उनकी भी नहीं सुनते।
निर्माण में शिथिलता बरतने पर कड़ी कार्रवाई के निर्देश
सीएम ने विधायकों की ओर से दिए गए प्रस्तावों को 15 जुलाई तक बजट के साथ स्वीकृति देने व 15 अगस्त तक उनके भूमि पूजन की तैयारी करने के निर्देश अफसरों को दिए। साथ ही, नवंबर तक इन कार्यों को पूरा कराने की भी हिदायत दी। सड़क, पुल व अन्य आधारभूत ढांचे के निर्माण में शिथिलता बरतने के मामलों में अधिकारियों व संबंधित एजेंसियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की चेतावनी दी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सांसद, विधायक, एमएलसी के प्रस्तावों को प्राथमिकता दी जाए। लापरवाह अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। सीएम ने लोक निर्माण विभाग के प्रमुख सचिव अजय चौहान, सेतु निगम के एमडी धर्मवीर सिंह, अधीक्षण अभियंता प्रकाश चंद्र सहित अन्य संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि वर्ष 2026-27 की कार्ययोजना में जनप्रतिनिधियों से प्राप्त सभी प्रस्तावों को 15 जुलाई तक बजट सहित स्वीकृति मिल जाए। सभी सड़कों के गड्ढों को अगस्त तक भर दिया जाए। बरसात से पहले सड़क की परियोजनाएं पूरी करा ली जाएं। गुणवत्ता से कोई समझौता नहीं होना चाहिए।
बैठक में पुराने कार्यों की चर्चा करने के साथ ही नई कार्ययोजना को सीएम के समक्ष रखा गया। सीएम ने सभी विधायकों से बारी-बारी से पूछा कि आपके प्रस्ताव कार्ययोजना में शामिल हैं या नहीं। यदि कोई छूट गए हैं तो उनको दोबारा दे सकते हैं। सीएम ने जनप्रतिनिधियों को भी तय समय पर प्रस्ताव देने की नसीहत दी। लोक निर्माण विभाग के प्रमुख सचिव ने पीपीटी के जरिये विभागीय कार्यों का प्रस्तुतीकरण किया। उन्होंने मंडल के प्रत्येक जिले की सड़कों की प्रगति पेश की।
मीरगंज में सिंचाई विभाग की जमीन पर थाने का प्रस्ताव
मीरगंज विधायक डॉ. डीसी वर्मा ने कस्बे में सिंचाई विभाग की जमीन पर थाना बनवाने का प्रस्ताव दिया। सीएम को बताया कि अभी थाना एक किलोमीटर दूर कस्बे से बाहर रबर फैक्टरी की जमीन पर संचालित है। रात में लोगों को वहां जाने में परेशानी होती है। यहां एक एकड़ में रोडवेज बस अड्डा पहले ही बन गया है। थाना बनने से लोगों को बड़ी राहत मिलेगी।
हल्दी कला चौकी के लिए भी बजट जारी करने की मांग उठाई। कहा कि कपूरपुर चौकी बनने से जनता की बड़ी समस्या दूर हुई है। इसके अलावा उन्होंने मुंसिफ कोर्ट के लिए धन अवमुक्त करने की भी मांग की। कहा कि उन्होंने कोर्ट के लिए 70 एकड़ जमीन दिल्ली हाईवे पर उपलब्ध करा दी है। इसके लिए 35 करोड़ रुपये जारी होने हैं।
रबर फैक्टरी की जमीन पर एम्स के लिए दिया प्रस्ताव
मीरगंज विधायक डॉ. डीसी वर्मा ने रबर फैक्टरी की जमीन पर एम्स की स्थापना का प्रस्ताव दिया। कहा कि उनके क्षेत्र में रबर फैक्टरी की करीब 1400 एकड़ जमीन उपलब्ध है। अगर यहां एम्स बनता है तो रुहेलखंड के लोगों को इलाज के लिए दूर-दराज के शहरों की ओर नहीं जाना पड़ेगा। बता दें कि पिछले दिनों मुख्यमंत्री ने केंद्र सरकार को रुहेलखंड और बुंदेलखंड में एम्स के लिए प्रस्ताव भेज रखा है।