बरेली। कुतुबखाना मस्जिद पर फैसला फिर टल गया है। आखिर मस्जिद का ताला कब खुलेगा इसका सभी को इंतजार है। पिछले एक महीने से यह प्रकरण उत्तर प्रदेश वक्फ बोर्ड के पास है और तारीख पर तारीख लग रही है। इस बार भी बोर्ड ने 27 अगस्त की तारीख निर्धारित कर दी है।
बरेलवी-देवबंद की दावेदारी में फंसी कुतुबखाना मस्जिद के मामले में मंगलवार को दोनों पक्षों को वक्फ बोर्ड लखनऊ में साक्ष्य के साथ बुलाया गया था। इसमें वक्फ की संस्था अंजुमन इस्लामिया और देवबंद पक्ष से तीन-तीन लोग अपने सुबूत के साथ पहुंचे थे। दोनों पक्षों की ओर से पेश किए गए साक्ष्यों को लेने के बाद वक्फ बोर्ड ने फिर से फैसले को अगली सुनवाई तक के लिए टाल दिया है। साथ ही इस प्रकरण की जांच के लिए चार सदस्यीय कमेटी बनाई है।
लखनऊ गए पक्षकारों का बताना है कि यह कमेटी बरेली आकर पूरे मामले की पड़ताल करेगी। जो मस्जिद के दुकानदारों, नमाजियों और आस पास के लोगों से पूछताछ करेगी। इस कमेटी को 25 अगस्त तक अपनी रिपोर्ट वक्फ बोर्ड को देनी है। इसके बाद बोर्ड कमेटी की बैठक में रिपोर्ट के आधार पर फैसला लिया जाएगा।
इसमें देवबंद पक्ष की ओर से मुफ्ती मोहम्मद मियां कासमी, अब्दुल सलाम खां, मुजाहिद शमसी के साथ नजीमुल हसन शमसी, हाजी आकिल बेग मौजूद रहे। अंजुमन इस्लामिया की ओर सचिव हुमायूं रियासत, डा. नफीस खां, डा. इकतेदार के अलावा अफजाल बेग, मुफ्ती आफाक और रफीक बेग गए थे।