उन्होंने कहा कि लगता है लॉकडाउन लंबा चलने वाला है, इसलिए बच्चों को रोज के हिसाब से अलग-अलग टॉपिक जैसे- हाथ न मिलाएं, घर से बाहर न निकलें दे दिया जाएगा, जिससे जागरूकता भी आएगी।
बोले कि, लोग लापरवाही कर रहे हैं, ऐसा न करें इसके लिए बच्चे के द्वारा घरवालों को रोका जाएगा। अफवाहें फैल रही हैं, उनको भी रोकना है। इसलिए वह कई विषयों पर सोच रहे हैं, उस पर भी करेंगे।
व्हाटसएप पर ज्यादा जुड़ते हैं बच्चे, बनाएंगे ग्रुप
सैफ ने कहा कि फेसबुक पर बड़े लोग ज्यादा रहते हैं, जबकि बच्चे व्हाट्सएप ग्रुप चलाते हैं। इसलिए व्हाट्सएप ग्रुप बनाने का प्लान है। फेसबुक का पेज भी रहेगा ही। व्हाट्सएप आसान है, उस पर फोटो ही डालना होता है और मैसेजिंग की तरह काम करता है।
जबकि फेसबुक पर टेक्निकल चीजें ज्यादा है, कहां से टैग करें और भेजे इसमें परेशानी होती है। व्हाटसएप पर यह सब झंझट नहीं रहता है। लेकिन फेसबुक का पेज बनने पर बाहर के बच्चे भी हिस्सा ले सेकेंगे।
बच्चों की परेशानी का करा रहे निस्तारण
व्हाट्सएप पर बच्चों के मैसेज आ रहे हैं, उनकी परेशानी है उनका निस्तारण कर पा रहे हैं। लाइव करने का सोचा था, लेकिन छोटे बच्चों में अलग-अलग चीजे पसंद होती है।
कोई पेंटिंग पसंद करता है, तो कोई सिनरी पसंद कर रहा है, कार्टून बनाने वाले भी अलग है। इसलिए लाइव नहीं हो पा रहा है। योजना है कि वीडियो बनाकर डाले जाएं। जिससे वह देखकर उस शेयर भी कर पाएंगे। ताकि लोगों को यह भी लगे की घर पर बैठकर ही काम कर रहे हैँ।