मैदा, खोया, दूध और सरसों के तेल के सैंपल भी जांच को भेजेे
बरेली। खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन की टीम ने शनिवार को भी मिलावटखोरी के खिलाफ छापामार कार्रवाई जारी रखी। इस दौरान पिज़्जा, पास्ता, रंगीन कचरी, मैदा, मावा, दूध और सरसों तेल आदि के आदि के नमूने भरे। वीरसावरकर नगर में रंगीन कचरी बनाने का कारखाना पकड़ा। वहां मौजूद स्टाक सीज कर दिया।
मिलावट खोरी में सामान्य उत्पादकों के साथ ही नामी गिरामी कंपनियां भी पीछे नहीं हैं। एफएसडीए की कार्रवाई में इसका खुलासा होने से हड़कंप मचा हुआ है। ब्रांडेड आइटम बनाने और बेचने वालों में भी अफरातफरी है, क्योंकि जिले में खाद्य तेल, वनस्पति घी आदि उत्पादों के वितरक हैं और कंपनियों के बड़े बड़े गोदाम भी हैं। हर त्योहार पर नामी गिरामी कंपनियों के ब्रांड में घटतौली और मिलावट पकड़ी जाती हैं। लोकल ब्रांड बनाने वाले कई उत्पादक हमेशा चर्चा में रहते हैं। सहायक आयुक्त संजय पांडे ने निर्देश पर चल रहे मिलावट खोरी के खिलाफ अभियान में जिला अभिहित अधिकारी धर्मराज मिश्र के नेतृत्व में गठित टीम ने छापामार कार्रवाई करते हुए वीर सावरकर नगर में सुनील चंद्रा के कारखाने में 29 किलो रंगीन कचरी पकड़ी। टीम ने मौजूद 45600 रुपये कीमत की रंगीन कचरी सीज कर दी। इधर, टीम ने नेम सिंह डेयरी, कुर्मांचल नगर बरेली से खोया एवं बर्फी का नमूना लिया। मै. माई च्वाइस स्वीट्स एंड कंफैक्शनरी पीरबहोडा से दूध की लौज एवं खोया, मै. ओम शिव शक्ति, गोल्डन ग्रीन पार्क गेट के पास से मिश्रित दूध, प्राची ट्रेडिंग कंपनी जोगीनवादा से बूंदी, सैनिक आटा चक्की वनखंडीनाथ रोड, जोगीनवादा से सरसों का तेल, तेज न्यूट्रिशनल फूड टीबरीनाथ, बीडीए कॉलोनी से पास्ता एंड पिज्जा सॉस, सुनील कुमार चंद्रा वीरसावरकर नगर से मैदा और रंगीन कचरी का नमूना संग्रहीत किया गया। यहां से 1529 किग्रा रंगीन कचरी जब्त की गई। सभी संग्रहीत खाद्य पदार्थों के नमूने जांच के लिए प्रयोगशाला भेजे जा रहे हैं।
छापा कार्रवाई में अद्योमानक माल मिलने पर सीज किया जा रहा है। मिलावट की आशंका में सैंपल लेकर जांच के लिए लैब भेजे जा रहे है। जांच रिपोर्ट आने के बाद कार्रवाई की जाएगी। -धर्मराज मिश्र, जिला अभिहित अधिकारी