गले में कसे थे दो दुपट्टे, पहचान नहीं हुई तो सील कराया शव
फरीदपुर। एक महिला की हत्या कर शव गौसगंज रोड किनारे खेत में फेंक दिया गया। मृतका के गले में दो दुपट्टे कसे हुए थे तो जीभ बाहर निकली थी। पुलिस का मानना है कि शव तीन दिन पुराना है और हत्या गला दबाकर की गई होगी। पहचान मिटाने के लिए तेजाब डाला गया है। शिनाख्त न होने पर शव पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है।
फरीदपुर के गौसगंज सराय को जाने वाले मार्ग पर सेंट मैरी स्कूल के पास रविवार दोपहर झाड़ियों में 35 वर्षीय महिला का शव पड़ा मिला। खेत जोतने आए ग्रामीणों ने शव देखा तो पुलिस को सूचना दी। महिला लाल और पीला सलवार सूट पहने थी। हाथ में कलावा बंधा था। पैर में सैंडल पहने थी और कपड़े भी व्यवस्थित थे। सीओ नागेंद्र यादव, प्रभारी निरीक्षक धनंजय सिंह ने बताया कि काफी कोशिश के बाद भी शिनाख्त नहीं हुई है। फॉरेंसिक टीम को बुलाया गया मगर कोई ठोस सुराग हासिल नहीं हो सका। सीओ के मुताबिक, मौके पर कोई संघर्ष का निशान न होने से लगा कि करीब तीन दिन पहले घटना कहीं और करके शव को यहां लाकर डाला गया है। शव काफी सड़ गया था। शरीर झुलसा हुआ था, चेहरे और पैर पर पड़े फफोलों से लग रहा था कि शरीर पर पहचान छुपाने को तेजाब भी डाला गया है। पोस्टमार्टम सोमवार को होगा जिससे सही स्थिति पता लगेगी।
फरीदपुर बना लाशों का डंपिंग ग्राउंड
फरीदपुर। फरीदपुर इलाका अज्ञात शवों का डंपिंग ड्राउंड बन चुका है। यहां हत्या कर शव डालने के पहले भी चार मामले हो चुके हैं, इनमें किसी की पहचान नहीं कर पाने से पुलिस की कार्यशैली सवालों में है।
भुता रोड पर छह महीने पहले एक महिला का शव झाड़ियों में पड़ा मिला था। दो माह पूर्व एक वृद्ध का शव केसरपुर की नहर के पास मिला था लेकिन उसकी भी शिनाख्त नहीं हो सकी। पुलिस को 15 दिन पूर्व नवदिया में एक शव मिला जिसके चेहरे को तेजाब से जलाया गया था। उसकी हत्या कर नहर किनारे फेंक दिया गया था। पहले भी यह स्थिति सामने आई कि हत्या कहीं और करके शव यहां फेंके जा रहे हैं पर इनकी पहचान और घटना की जानकारी पुलिस नहीं कर सकी।
इसी जगह की गई थी छात्र की हत्या
छह महीने पहले गौसगंज निवासी छात्र की साइकिल से खींचकर सेंट मारिया स्कूल के पास झाड़ियों में इसी जगह हत्या की गई थी जहां रविवार को महिला का शव मिला। छात्र के साथ कुकर्म कर उसकी हत्या की गई थी। तब मोहल्ले के ही कुछ लोगों को गिरफ्तार करके जेल भेजा था।