जिला प्रशासन ने फैसला लिया है कि दिवाली के बाद नवंबर से बरेली के श्रमिकों को दस रुपये में दोपहर का भोजन मिलेगा। यह व्यवस्था श्रम विभाग में पंजीकृत श्रमिकों को उनकी सुविधा के अनुूसार 550 को मिलेगी। इस बारे में प्रशासनिक स्तर पर तैयारियां पूरी कर ली गईं हैं। बजट अवमुक्त होने के साथ-साथ टैंडर हो चुके हैं। कमिश्नर प्रमांशु कुमार ने सीएम की प्राथमिकता वाले कार्यक्रमों की समीक्षा की गई। जिसमें बताया गया कि श्रमिकों को साइकिल मिलने की पात्रता में और सरलीकरण कर दिया है। पहले रजिस्ट्रेशन के छह महीने के बाद साइकिल दिए जाने का प्रावधान था लेकिन अब तीन महीने बाद ही साइकिल मिलेगी। इस श्रेणी के श्रमिकों को 10 रुपये में भोजन मिलेगा। भोजन वितरण के संबंध में टैंडर हो गया है, जिसे इसी माह अंतिम रूप प्रदान कर दिया जाएगा। श्रम विभाग के अधिकारी अब यह समीक्षा कर रहे हैं कि किस तरह से श्रमिकों को मध्याह्न भोज की व्यवस्था कराई जाए।
समीक्षा के दौरान कमिश्नर ने बेसिक स्कूलों में काम करने वाले रसोइयों को मानदेय का भुगतान न होने पर नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने सीडीओ से पूछा कि धनराशि रिलीज कर दी है लेकिन अभी तक मानदेय क्यों नहीं दिया गया। इस प्रकरण में दोषी अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई के निर्देश दिए।