जंक्शन के यार्ड में शटिंग के दौरान पटरी से एसी कोच उतरने के मामले में मुरादाबाद डिवीजन के डीआरएम ने शनिवार को जंक्शन के स्टेशन अधीक्षक समेत चार कर्मचारियों को सस्पेंड कर दिया है। देर रात स्टाफ ने पटरी से उतरे कोच फिर पटरी पर रख दिए।
जंक्शन यार्ड में शुक्रवार रात साढ़े नौ बजे दो एसी कोच शंटिग के दौरान पटरी से उतर गए थे। पटरी से कोच उतरने की साल में यह तीसरी घटना हुई। घटना की सूचना मुरादाबाद मंडल के सीनियर डीओएम नवीन झा को दी, जिसके बाद मुरादाबाद मंडल में हड़कंप मच गया। देर रात दोनों कोचों को उठाकर फिर पटरी पर रख दिया।
मुरादाबाद रेल डिवीजन के डीआरएम तरुण प्रकाश ने इस घटना को निगरानी में लापरवाही का मामला मानते हुए जंक्शन के स्टेशन अधीक्षक सत्यवीर सिंह के साथ ड्यूटी पर तैनात कर्मचारी आदिल गुलफाम, शंटिंग पोर्टर अविनाश और आलोक को सस्पेंड कर दिया। घटना के दौरान शंटिंग मास्टर भी मौजूद नहीं थे। सूत्रों के मुताबिक शटिंग स्टाफ ने प्वाइंट बनने से पहले ही ग्रीन सिग्नल दे दिया। इसी वजह से कोच पटरी से उतर गए।
जंक्शन स्टाफ के बढ़ते विवादों पर एडीआरएम नाराज
घटना की जांच करने शनिवार दोपहर जंक्शन पहुंचे मुरादाबाद डिवीजन के एडीआरएम मानसिंह मीणा ने मंडलीय अधिकारियों के साथ निरीक्षण के बाद प्लेटफार्म छह पर भी गए जहां आइसोलशन कोच खड़े हुए हैं। इसके बाद उन्होंने रिजर्वेशन ऑफिस, प्लेटफार्म, सरकुलेटिंग एरिया का भी निरीक्षण किया। एडीआरएम ने जंक्शन पर हुए स्टाफ के छोटे-छोटे विवाद मंडलीय कार्यालय पहुंचने पर नाराजगी जताई।
गौरतलब है कि एक महीने पहले उत्तरीय रेलवे मजदूर यूनियन (उरमू) के साबिर हुसैन और स्टेशन अधीक्षक सत्यवीर सिंह के बीच टोकन पोर्टर की ड्यूटी को लेकर विवाद हो गया था। दोनों पक्षों ने थाना जीआरपी में तहरीर भी दे दी थी। सत्यवीर सिंह ने इसकी सूचना मुरादाबाद के ऑपरेटिंग अधिकारियों को दी थी। एडीआरएम ने कहा कि ऐसे मामले आपस में ही निपटाए जा सकते हैं।