साहू गोपी नाथ कन्या इंटर कॉलेज में हुआ अपराजिता कार्यक्रम
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आज भी समाज में यह आम धारणा है कि महिलाएं पुरुषों के मुकाबले शारीरिक रूप से कमजोर होती हैं, लेकिन यह पूर्णतः भ्रामक है। हकीकत यह है कि एक महिला में पुरुष की तुलना में कहीं अधिक शक्ति समाहित है, जिसका सबसे बड़ा प्रमाण है संतान को जन्म देने की क्षमता। प्रकृति ने यह वरदान स्त्री को दिया है, पुरुष को नहीं। महिला की इसी आंतरिक शक्ति को पहचानने और उसे सही दिशा में उपयोग करने का आह्वान बरेली कॉलेज की राजनीति शास्त्र की प्रोफेसर और एनसीसी की लेफ्टिनेंट डॉ. वंदना शर्मा ने किया।
शुक्रवार को अमर उजाला की ओर से साहू गोपी नाथ कन्या इंटर कॉलेज में आयोजित 'अपराजिता' कार्यक्रम में डॉ. वंदना शर्मा ने महिला सशक्तीकरण के मूल मंत्र को स्पष्ट किया। उन्होंने कहा कि आर्थिक निर्भरता के बिना महिला सशक्तीकरण का कोई भी अभियान पूरा नहीं हो सकता। उन्होंने छात्राओं में आत्मविश्वास जगाते हुए कहा कि भारत की हर नारी किसी एक पर नहीं, बल्कि ‘10 पर भारी’ होने की क्षमता रखती है।