स्वयं सहायता समूह की महिलाओं ने बैंक शाखा प्रबंधक पर दस हजार रुपये की रिश्वत मांगने का आरोप लगाकर एसडीएम नहने राम से शिकायत की है।
मंगलवार दोपहर एसडीएम कार्यालय पहुंची पलक महिला स्वयं सहायता समूह, सूरज महिला स्वयं सहायता समूह व किशोरी स्वयं सहायता समूह की सदस्य गुड़िया, रश्मी, वीना देवी, सोमवती, सुलेखा, संग्रह शर्मा व नीरज शर्मा ने शिकायती पत्र एसडीएम को देकर बताया कि 16 जनवरी को नगर पालिका के समीप स्थित एक बैंक की शाखा में सीसीएल कराने पहुंची थी। सुबह 11 बजे से शाम साढ़े तीन बजे तक उनको बैंक स्टाफ द्वारा उनके कार्य को लटकाया गया। बाद में बैंक मैनेजर ने उनसे 20 हजार रुपये की रिश्वत मांगी। इस पर महिलाओं ने कहा कि वे पहले ही फील्ड ऑफिसर को 10 हजार रुपये दे चुकी हैं।
महिलाओं ने एसडीएम को बताया कि मैनेजर ने अभद्र व्यवहार करते हुए दस हजार रुपए दिए बिना सीसीएल न करने से साफ इन्कार का दिया। एसडीएम नहने राम ने मामले में सख्त कार्रवाई कराने का आश्वासन दिया है।
आरोप को बताया निराधार
इस मामले में बड़ौदा यूपी बैंक शाखा प्रबंधक साकेत यादव ने बताया कि महिलाओं के आरोप निराधार है। महिलाओं द्वारा नियमानुसार समूह संचालन की प्रक्रिया पूरी नहीं की गई थी। समूह में सभी के खाते खुलवाने को कहा गया तो वे आफिस में फाइलें पटक कर चली गईं। इस मामले में पहले ही परियोजना कार्यालय व आरएम को लिखित पत्र भेजा जा चुका है। संवाद