फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Bareilly News: कन्हैया गुलाटी और उसके तीन गुर्गों के खिलाफ एक और रिपोर्ट दर्ज, 32 लाख रुपये की ठगी का आरोप

Sat, 27 Dec 2025 12:35 PM IST
मुकेश कुमार अमर उजाला ब्यूरो, बरेली

सार

बरेली में करोड़ों रुपये की ठगी के आरोपी कैनविज कंपनी के निदेशक कन्हैया लाल गुलाटी और उसके तीन गुर्गों के खिलाफ नवाबगंज थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई गई है। सराफा व्यापारी की ओर से दर्ज कराई रिपोर्ट में आरोपियों पर 32 लाख ठगने का आरोप लगाया गया है। 
विज्ञापन
कन्हैया गुलाटी - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

बरेली में निवेश के नाम पर लोगों से करोड़ों रुपये ठगने के आरोपी कैनविज कंपनी के निदेशक कन्हैया लाल गुलाटी और उसके तीन गुर्गों के खिलाफ नवाबगंज थाने में 32 लाख रुपये ठगी की एक और रिपोर्ट दर्ज की गई है। गुलाटी और उसके गुर्गों के खिलाफ अब तक जिले के अलग-अलग थानों में 20 रिपोर्ट दर्ज की जा चुकी हैं।

विज्ञापन

 
नवाबगंज के मोहल्ला कुम्हारान निवासी सराफा व्यापारी राजीव वर्मा ने कन्हैया लाल गुलाटी, इज्जतनगर थाना क्षेत्र के आशुतोष सिटी निवासी योगेंद्र, यतेंद्र और हाफिजगंज थाना क्षेत्र के उदरनपुर निवासी डॉ. ज्वाला प्रसाद के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई है। इसमें उन्होंने बताया है कि दो वर्ष पहले योगेंद्र कुमार व उसके भाई यतेंद्र कुमार उनके घर आए। 

ऐसे फंसाया जाल में 
कैनविज कंपनी में निवेश करने पर बिना किसी जोखिम के पांच फीसदी मासिक ब्याज और उनके नाम प्लॉट खरीदकर उसके विक्रय से अतिरिक्त लाभ दिलाने का झांसा दिया। वह राजी नहीं हुए तो दोनों उन्हें डॉ. ज्वाला प्रसाद मौर्य के पास ले गए। डॉ. ज्वाला प्रसाद ने भी राजीव को समझाया। इन लोगों के झांसे में आकर राजीव ने कंपनी में 32 लाख रुपये जमा कर दिए। दो-तीन माह तक उनको ब्याज दिया गया, लेकिन बाद में भुगतान बंद कर दिया गया। 
विज्ञापन


उन्होंने योगेंद्र और यतेंद्र से संपर्क किया तो वे उनको कन्हैया गुलाटी के पास ले गए। कन्हैया गुलाटी ने कंपनी के घाटे में जाने की बात कहकर रुपये देने से इन्कार कर दिया। सदमे में उनको हार्टअटैक आ गया। उनके इलाज पर नौ लाख रुपये खर्च हुए। एसएसपी अनुराग आर्य के आदेश पर पुलिस ने कन्हैया लाल गुलाटी, योगेंद्र कुमार, यतेंद्र कुमार और डॉ. ज्वाला प्रसाद के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। 

गैंगस्टर लगाने की चल रही तैयारी
कन्हैया गुलाटी और उसके गुर्गों के खिलाफ पुलिस ने गैंगस्टर लगाने की तैयारी शुरू कर दी है। मुख्य आरोपी कन्हैया गुलाटी और उसके गुर्गे अभी पुलिस के हत्थे नहीं चढ़ सके हैं। गुलाटी के खिलाफ लुकआउट नोटिस पहले ही जारी किया जा चुका है। इससे पहले अमर ज्योति यूनिवर्स निधि लिमिटेड के निदेशक शशिकांत मौर्य और उसके भाई सूर्यकांत के खिलाफ भी ठगी के 20 से ज्यादा मामले दर्ज किए जा चुके हैं। दोनों भाइयों पर निवेश के नाम पर 600 करोड़ रुपये की ठगी का आरोप है। अब तक इनकी गिरफ्तारी नहीं हो सकी है। दोनों पर 50-50 हजार रुपये इनाम घोषित किया जा चुका है। 

प्रलोभन देकर सैकड़ों लोगों को बनाया शिकार
कन्हैया गुलाटी ने तरह-तरह के प्रलोभन देकर सैकड़ों लोगों से करोड़ों रुपये का निवेश कराकर रकम हड़प ली। उसके झांसे में आकर निवेश करने वाले लोग अब पछता रहे हैं। कन्हैया गुलाटी का नेटवर्क बरेली के अलावा आसपास के जिलों और राज्यों तक फैला हुआ है। दिल्ली निवासी सीआरपीएफ जवान ने भी पिछले दिनों गुलाटी के खिलाफ ठगी की रिपोर्ट दर्ज कराई थी।
विज्ञापन

उधार लेकर निवेश किए थे छह लाख रुपये
निवेशक रेखा पटेल ने बताया कि तीन साल पहले हरेंद्र प्रकाश, जगतपाल और कन्हैया गुलाटी मेरे घर आए थे। अपनी कंपनी की कई योजनाओं और उनके लाभ के बारे में बताते हुए 22 माह में धन दोगुना करने का झांसा दिया। झांसे में आकर पति से छह लाख रुपये उधार लेकर निवेश की थी। अपने रिश्तेदारों और परिचितों से भी एक करोड़ रुपया निवेश कराया था। कुछ महीने तक ब्याज मिलता रहा, लेकिन बाद में रुपये मिलने बंद हो गए। संपर्क करने पर धमकी दी गई। 

9.75 लाख गंवाए, पुलिस को दी है तहरीर
निवेशक हेमंत ने कहा कि कन्हैया लाल गुलाटी और उसके सहयोगियों के झांसे में आकर तीन साल पहले कैनविज कंपनी में 9:75 लाख रुपये निवेश किए थे। अपने रिश्तेदारों और परिचितों से भी एक करोड़ से ज्यादा का निवेश कराया था। कंपनी ने कुछ दिन तक तो निवेश पर लाभ दिया, लेकिन बाद में रुपये देना बंद कर दिया। रुपये मांगने पर टालमटोल करने लगे। मोबाइल कॉल रिसीव करना भी बंद कर दिया। मामले में रिपोर्ट दर्ज कराने के लिए पुलिस को तहरीर दी है।  
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें