प्रधानमंत्री को बताया सीईओ, गृहमंत्री को एमडी
अलंकार अग्निहोत्री ने प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) की कार्रवाई पर भी सवाल उठाए और आरोप लगाया कि भाजपा में शामिल होने के बाद बड़े-बड़े घोटाले माफ हो जाते हैं। उन्होंने केंद्र सरकार की परियोजनाओं को भ्रष्टाचार का अड्डा बताते हुए प्रधानमंत्री को सीईओ और गृहमंत्री को एमडी बताने वाली टिप्पणी भी की। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि यूजीसी के नए नियमों को वापस नहीं लिया गया तो इसके गंभीर परिणाम होंगे और देशभर में इसके खिलाफ आंदोलन छेड़ा जाएगा।
उन्होंने राज्य सरकार द्वारा दिए गए आरोपपत्र की निंदा करते हुए जिले के सांसद एवं केंद्रीय राज्यमंत्री जितिन प्रसाद पर भी निशाना साधा। साथ ही यह भी कहा कि केंद्र और राज्य सरकारों के बीच आपसी मतभेद के चलते कई मनोनीत पद खाली पड़े हैं।
पांच थानों की फोर्स और खुफिया विभाग रहा अलर्ट
निलंबित पीसीएस अफसर अलंकार अग्निहोत्री के कार्यक्रम को देखते हुए सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए थे। कोतवाली, सुनगढ़ी, गजरौला, न्यूरिया और महिला थाना की पुलिस फोर्स मौके पर तैनात रही। इसके साथ ही खुफिया विभाग की टीम पूरे कार्यक्रम के दौरान निगरानी करती रही। वरिष्ठ अधिकारी भी लगातार स्थिति पर नजर बनाए रहे।
शाहजहांपुर में बोले- सवर्ण समाज के लिए बड़ा त्याग किया
अलंकार अग्निहोत्री का मंगलवार को बीसलपुर जाते समय शाहजहांपुर में युवाओं ने जोरदार स्वागत किया। उन्होंने स्पष्ट कहा कि सवर्ण समाज की लड़ाई के लिए बड़ा त्याग किया है। इस लड़ाई को लड़ते रहेंगे। यूजीसी के नए नियमों के विरोध के बाद चर्चा में आए अलंकार अग्निहोत्री मंगलवार को जिले से होकर बीसलपुर जा रहे थे।
सूचना मिलने पर युवाओं ने राजकीय इंटर कॉलेज के चौराहे पर उनकी गाड़ी को रोककर फूलमाला पहनाकर स्वागत किया। वह कुछ देर ही यहां पर रुके। इस बीच अलंकार अग्निहोत्री ने कहा कि सवर्ण समाज की लड़ाई के लिए वह हमेशा तैयार हैं। शिक्षा के मंदिर को जातीय संघर्ष का अखाड़ा नहीं बनने देंगे। सुप्रीम कोर्ट का निर्णय सराहनीय है।