विशेष सचिव नागरिक उड्डयन विभाग, उत्तर प्रदेश शासन सूर्यपाल गंगवार के साथ हुई बैठक में एयरपोर्ट अथॉरिटी ऑफ इंडिया के चेयरमैन ने जमीन खरीदने के लिए ऑफर लेटर दे दिया है। सिटी मजिस्ट्रेट यूपी सिंह ने बताया कि संयुक्त बैठक में एयरपोर्ट अथॉरिटी ऑफ इंडिया के चेयरमैन ने पुराने ले आउट के मुताबिक ही टैक्सी-वे बनाने को कहा है। उनका कहना है कि त्रिशूल एयरबेस को हमने फिर से प्रस्ताव भेजा है। उसे अभी निरस्त नहीं किया गया है। त्रिशूल एयरबेस के अधिकारियों से बात चल रही है। उम्मीद है कि वे मान जाएंगे। दिसंबर तक एयरपोर्ट के अंदर भवन और टैक्सी-वे बनाने का काम शुरू हो सकता है।
नाथनगरी एयर टर्मिनल के लिए पिछले साल मार्च में मुड़िया अहमद नगर गांव में 150 बीघा से अधिक जमीन पर 2.96 करोड़ रुपये की लागत से 1300 मीटर लंबी बाउंड्रीवाल के निर्माण का काम शुरू हुआ था। राजकीय निर्माण निगम के पास बाउंड्रीवाल का निर्माण पूरा करने को सिर्फ एक महीना ही बाकी है। बाउंड्रीवाल को सीधा करने के लिए करीब साढ़े तीन हजार वर्ग मीटर जमीन की और जरूरत है। इस जमीन पर राजस्व विभाग की टीम निशान भी लगा चुकी है, लेकिन कब्जा अभी तक नहीं हो पाया है। इसी महीने राजकीय निर्माण निगम की टीम ने जमीन पर कब्जा करने को बुनियाद खुदवानी शुरू कर दी थी, लेकिन किसानों ने विरोध करके काम रुकवा दिया था। डीएम ने मामले को गंभीरता से लेकर नागरिक उड्डयन विभाग के विशेष सचिव से बात करके एयरपोर्ट के निर्माण में आने वाली बाधाओं को दूर कराने को कहा। इसके बाद विशेष सचिव ने एयरपोर्ट अथॉरिटी ऑफ इंडिया के अधिकारियों को अनुरोध करके लखनऊ बुला लिया। करीब दो घंटे चली बैठक में नाथनगरी एयर टर्मिनल की चर्चा सबसे पहले शुरू हुई। सिटी मजिस्ट्रेट/एसएलओ यूपी सिंह भी इस बैठक में शामिल हुए। उन्होंने बताया कि प्रदेश में बन रहे सभी एयरपोर्ट में बरेली में सबसे तेजी से काम हुआ है। जल्द ही चेन्नई की कंपनी एयरपोर्ट का टैक्सी-वे और अन्य प्रशासनिक भवन बनाने आएगी।