बरेली के जिला अस्पताल से बुर्का पहनकर भागी 25 हजार रुपये की इनामी बंदी ममता को कोतवाली पुलिस ने डेढ़ महीने बाद शनिवार को गिरफ्तार कर लिया। उसने अपने बेटों के साथ मिलकर फरारी की साजिश रचने की बात स्वीकार की है। उसे दोबारा जेल भेज दिया गया है।
ममता फरीदपुर थाने में दर्ज एक मामले में जेल में बंद थी। बीमार होने पर उसे जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया था। दो सितंबर को शाम साढ़े छह बजे वह नहाने के लिए बाथरूम में गई। इसी दौरान बुर्का पहने एक महिला बाथरूम से निकली और अस्पताल से बाहर चली गई। निगरानी में तैनात महिला पुलिसकर्मियों को शक हुआ तो बाथरूम में जाकर देखा।
ममता गायब मिली। घटना के वक्त ममता के दोनों बेटे उससे मिलने अस्पताल आए थे। जब पुलिसकर्मी ममता को तलाशने लगीं तो दोनों बेटे भी वहां से चले गए। इस पर उनकी भूमिका को लेकर संदेह हुआ। बाद में अधिकारियों ने उसकी गिरफ्तारी पर 25 हजार रुपये का इनाम घोषित कर दिया था।