बहेड़ी। सहकारी गन्ना विकास समिति के चुनाव में शुक्रवार को जानबूझकर नामांकन पत्र खारिज करने का आरोप लगाकर सपा ने हंगामा किया। सपाइयों ने गन्ना समिति के सचिव को भाजपा का एजेंट बताया। कहा कि पसंदीदा प्रत्याशियों को जिताने के लिए गड़बड़झाला किया जा रहा है।
डेलीगेट चुनाव में शुक्रवार को जांच के बाद अपराह्न तीन बजे सही नामांकनपत्रों की सूची चस्पा होनी थी। यह सूची शाम करीब छह बजे चस्पा की गई। ज्यादातर सीटों पर नामांकन खारिज कर निर्विरोध निर्वाचन होने को लेकर हेराफेरी का आरोप लगाकर सपा ने हंगामा शुरू कर दिया। सपा के जिला उपाध्यक्ष चौधरी विजेंद्र सिंह का कहना था कि सत्ताधारी पार्टी के इशारे पर गन्ना समिति के सचिव की ओर से यह खेल किया जा रहा है।
जिला पंचायत सदस्य सरदार इकबाल सिंह ने भी गन्ना किसानों के चुनाव में जानबूझकर राजनीति करने का आरोप लगाया। घाट गांव के किसान अनुराग गंगवार ने गन्ना समिति परिसर में जमकर हंगामा किया। नामांकन पत्र खारिज करने की वजह ना बताने को लेकर वह आक्रोशित दिखे। टीकाराम गंगवार ने भी उनके परिवार के लोगों के नामांकन पत्र खारिज करने पर आपत्ति जताई।
दमखोदा के किसान कृष्ण प्रताप सिंह एडवोकेट ने मुख्यमंत्री को ज्ञापन भेज कर चुनाव को दोबारा निष्पक्ष तरीके से करने की मांग की है। मामले में पक्ष जानने के लिए गन्ना समिति सचिव राजीव सेठ को कई बार कॉल की गई मगर उन्होंने रिसीव नहीं की।
नवाबगंज में 205 नामांकन खारिज
नवाबगंज। गन्ना समिति के डेलीगेट के चुनाव में 205 नामांकन खारिज हो गए। 545 पदों पर चुनाव होना है। 11 पदों पर कोई भी नामांकन नहीं आया। चुनाव में 340 नामांकन वैध पाए गए। 27 पदों पर एक से अधिक उम्मीदार होने के चलते यहां चुनाव कराया जाएगा। अन्य पदों पर निर्विरोध निर्वाचन हो गया। संवाद