संवाद न्यूज एजेंसी
पीलीभीत। जिले के विभिन्न विकासखंडों में संचालित गो-आश्रय स्थलों तक पहुंचने के लिए संपर्क मार्ग की स्थिति खस्ताहाल है। कई स्थानों पर रास्ता बेहद जर्जर है तो कुछ गो-आश्रय स्थलों तक पहुंचने के लिए पक्की सड़क उपलब्ध ही नहीं है। इसे गंभीरता से लेते हुए मुख्य विकास अधिकारी सतीश प्रसाद मिश्रा ने संबंधित खंड विकास अधिकारियों को संपर्क मार्गों का निर्माण कराने के निर्देश दिए हैं।
मुख्य पशु चिकित्साधिकारी की रिपोर्ट के आधार पर खंड विकास अधिकारियों से प्राप्त सूचना में जिले के 11 गो-आश्रय स्थलों तक संपर्क मार्ग की समस्या सामने आई है। इनमें बरखेड़ा विकासखंड के मूसेपुर जयसिंह गो-आश्रय स्थल तक करीब 1200 मीटर संपर्क मार्ग की आवश्यकता बताई गई है। कटकवारा में 300 मीटर और विक्रमपुर में 600 मीटर रास्ते का निर्माण कराया जाना है। इन कार्यों को क्षेत्र पंचायत व वीबी-जी राम जी योजना के माध्यम से कराने की बात कही गई है। पूरनपुर विकासखंड के कजरी निरंजनपुर गो-आश्रय स्थल तक करीब 2.5 किलोमीटर रास्ता खराब या विवादित बताया गया है। ललौरीखेड़ा क्षेत्र के ढकिया नथा में करीब 300 मीटर संपर्क मार्ग की आवश्यकता है। बीसलपुर विकासखंड के खनंका उचसिया में 500 मीटर व शाहबाजपुर में एक किलोमीटर रास्ते का निर्माण प्रस्तावित है। मरौरी विकासखंड के हरकिशनापुर गो-आश्रय स्थल तक करीब 200 मीटर और पूर्वाभूड़ा तक दो किलोमीटर संपर्क मार्ग की जरूरत बताई गई है। बिलसंडा के चपरौआ कुइयां में एक किलोमीटर व विलासपुर में करीब 250 मीटर रास्ते का निर्माण कराया जाना है।