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तो नगर निगम बताएगा सौ दिन में क्या क यिा

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बरेली।
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मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अपने 100 दिन का रिजल्ट पेश कर दिया है। अब बारी है जिलों में चल रहे कार्यों की। सभी जिलों के नगर निगम और अन्य विभागाें की बैठक लखनऊ में बुलाई गई है। 29 जून को होने वाली बैठक में तमाम अधिकारी सरकार के एजेंडे में शामिल कार्यों की प्रगति बताएंगे। नगर निगम की ओर से नगर आयुक्त इस बैठक में शामिल हाेंगे। पांच एजेंडों पर रिपोर्ट देनी है।
लखनऊ में 29 जून को होने वाली बैठक में सबसे महत्वपूर्ण बिंदु सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट प्लांट का रहेगा। चूंकि मुख्यमंत्री खुद बरेली आकर दो माह का समय देकर जा चुके हैं, इसलिए बैठक में पूछा जाएगा कि प्लांट को लेकर काम कहां तक पहुंचा है। ओडीएफ को लेकर भी निगम अपनी रिपोर्ट देगी।
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बरेली में नगर निगम अभी 32 वार्ड ओडीएफ होने का दावा कर रहा है। अमृत योजना के तहत कराए जा रहे कार्यों की प्रगति भी पूछी जाएगी। साथ ही गड्ढा मुक्त सड़क और मानसून में नालाें की सफाई को लेकर भी रिपोर्ट पेश की जानी है। नगर आयुक्त आरके श्रीवास्तव का कहना है कि लखनऊ की बैठक में इन सभी एजेंडे को लेकर रिपोर्ट तैयार की जा चुकी है।

एजेंडे की यह है मौजूदा स्थिति
ओडीएफ कार्ययोजना- 32 वार्ड ओडीएफ घोषित, अन्य में कार्य प्रगति पर है, लेकिन धीमी गति से चल रहा है। अधिकतर लोगों ने शौचालय बनाने के पैसे ले लिए हैं लेकिन शौचालय नहीं बनवाएं हैं, जबकि कुछ पैसे न आने से अधूरे हैं।
सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट प्लांट- हरी भरी एजेंसी प्लांट पर कार्य तो कर रही है लेकिन अभी लीचेड ट्रीटमेंट प्लांट ही नहीं बना है। मशीनाें की स्थिति को ठीक करवाने में भी समय लगेगा। अभी 20 फीसदी काम नहीं हुआ है।
अमृत योजना की प्रगति- अमृत योजना के तहत पार्कों में सुंदरीकरण का कार्य चल रहा है। इनकी प्रगति 50 फीसदी से अधिक नहीं है। सीवर लाइन का काम पैसा न आने से शुरू नहीं हुआ है। हैंडपंप पैसा मिलने के बाद भी लगाए नहीं जा रहे हैं।
गड्ढा मुक्त सड़क- गड्ढा मुक्त सड़क का हाल ये है कि ठेकेदारों ने भुगतान न होने से काम बंद कर दिया है। हालांकि कुछ इलाकों में काम चल रहा है। ठेकेदाराें को कहा गया है कि वे सड़क का कार्य जल्द से जल्द करें।
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मानसून पूर्व नालाें की सफाई- मानसून से पहले रात में नालों की सफाई हो रही थी, लेकिन इसे विरोध के चलते बंद कर दिया गया। प्रभारी मंत्री के दौरे के बाद इसे नए सिरे से शुरू किया गया है। बड़े नालों को अभियान के तौर पर साफ किया जा रहा है।
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