शाहजहांपुर, पीलीभीत और लखीमपुर के प्रशासन को होम क्वारंटाइन कराने की भेजी सूचना
बरेली। सीएम योगी आदित्यनाथ के कड़े तेवर के बाद पैदल जाने वाले प्रवासी मजदूरों पर निगरानी और तेज कर दी गई है। बृहस्पतिवार को बदायूं रोड पर करगैना के पास पुलिस की सूचना के बाद तहसील प्रशासन की टीम मौके पर पहुुंची और शाहजहांपुर, पीलीभीत व लखीमपुर जा रहे प्रवासी मजदूरों का एक बैंक्वेट हाल में मेडिकल कैंप लगाकर स्वास्थ्य परीक्षण कराया गया। इसके बाद रोडवेज बसों से उन सभी को उनके घर रवाना कर दिया गया।
शासन की कड़ाई के बावजूद प्रवासी मजदूर मीलों पैदल ही घर जा रहे हैं। बृहस्पतिवार को बदायूं रोड पर करगैना के पास शाहजहांपुर, पीलीभीत और लखीमपुर के करीब 85 मजदूर पैदल ही घर जा रहे थे। पुलिस की सूचना पर तहसील की टीम मौके पर पहुंचे और करगैना के पास तत्काल मेडिकल कैंप लगाकर सभी मजदूरों की थर्मल स्क्रीनिंग कराई गई। इसके बाद सभी मजूदरों को खाना देने के बाद रोडवेज की बसों के माध्यम से उन्हें उनके घर भिजवा दिया गया है। तहसीलदार सदर आशुतोष गुप्ता का कहना है कि इन सभी मजदूरों की सूचना उनके जिला प्रशासन को भेज दी गई है। इन सभी वहीं होम क्वारंटाइन रहेंगे।
राजस्थान में बालाजी के दर्शन करने गई महिला भी फंसी
फरीदपुर की रहने वाली प्रेमवती पत्नी प्रदीप अपने तीन छोटे बच्चों के साथ राजस्थान में बालाजी के मंदिर में दर्शन करने के लिए गई थी। लॉकडाउन में वह वही फंस गई। कुछ दिन पहले राजस्थान से वह बस से बरेली तक आई थी। इसके बाद उसे हरूनगला के शेल्टर होम में क्वांरटीन किया गया था। महिला के आग्रह पर तहसील प्रशासन टेंपो कराकर महिला को फरीदपुर रवाना कर दिया।