लाखों रुपये सुरक्षा पर खर्च करने के बावजूद एमजेपी रुहेलखंड विश्वविद्यालय प्रशासन छात्राओं को सुरक्षा दे पाने में नाकाम है। शनिवार को एक बार फिर यूनिवर्सिटी शर्मसार हो गई। एक शोहदे ने क्लास में घुसकर एमएससी माइक्रोबायोलॉजी की छात्रा के साथ न सिर्फ छेड़खानी की, बल्कि उसे जबरन कैंपस से बाहर ले जाने की कोशिश की। छात्रा को सहपाठियों ने बचाया। छात्रा ने शोर मचाया तो शोहदा उसका मोबाइल छीनकर भाग गया। छात्रा ने एक सहपाठी के मोबाइल से घरवालों को घटना की सूचना दी। खबर मिलने पर प्रॉक्टोरियल बोर्ड के सदस्य भी मौके पर पहुंच गए। शोहदे के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने की तैयारी की जा रही है।
दिल्ली विश्वविद्यालय से बीएससी करने के बाद छात्रा ने इसी साल एमजेपी रुहेलखंड विश्वविद्यालय में एमएससी माइक्रोबायोलॉजी में प्रवेश लिया है। एक लड़का दिल्ली में पढ़ाई के वक्त से ही छात्रा के पीछे पड़ा है। वह दिल्ली में इंजीनियरिंग की पढ़ाई कर रहा है और छात्रा को फोन पर कई बार उठा ले जाने की धमकी दे चुका है। वह कई बार छात्रा का पीछा करते हुए विश्वविद्यालय कैंपस तक भी पहुंचा है। शनिवार दोपहर करीब डेढ़ बजे छात्रा क्लास में थी, तभी लड़का वहां आ धमका और छेड़खानी करने लगा। विरोध करने पर छात्रा का हाथ पकड़कर जबरन बाहर ले जाने लगा। शोर मचाने पर क्लास के बाकी छात्र पहुंचे तो लड़का छात्रा का मोबाइल छीनकर भाग गया। एक सहपाठी के मोबाइल से लड़की ने अपने घर वालों को सूचना दी। सूचना मिलते ही उसके माता-पिता कैंपस पहुंच गए। डर के मारे लड़की फूट फूटकर रोने लगी। सहपाठियों ने दिलासा देकर उसे शांत कराया। मामले की जानकारी कुलपति प्रोफेसर अनिल शुक्ल, चीफ प्रॉक्टर तक पहुंची तो प्रॉक्टोरियल बोर्ड के सदस्य भी हरकत में आ गए। उन्होंने छात्रा से घटना की जानकारी ली। छात्रा ने बताया कि लड़का उसका रिश्तेदार है। वह कैंपस और उसके बाहर पहले भी उसे कई बार परेशान कर चुका है। माइक्रोबॉयोलॉजी के प्रभारी प्रोफेसर एके जेटली ने छात्रा से लिखित शिकायत और लड़के का फोटो मांगा है। उनका कहना है कि लड़के का कैंपस में प्रवेश प्रतिबंधित कराया जाएगा। उसके खिलाफ एफआईआर भी दर्ज कराई जाएगी। छात्रा ने सोमवार को लिखित शिकायत करने की बात कही है।
मामले को गंभीरता से लिया जाएगा। छात्रा से लिखित शिकायत मांगी गई है। कैंपस में लड़के का प्रवेश प्रतिबंधित करने के साथ ही उसके खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई जाएगी। कैंपस की सुरक्षा व्यवस्था और कड़ी की जाएगी। - प्रोफेसर अनिल शुक्ल, कुलपति
विभाग में नहीं था कोई सुरक्षा गार्ड
प्लांट साइंस में इसी साल एक गार्ड ने छात्रा के साथ छेड़छाड़ की थी। इसके बाद गार्ड हटा दिया गया था। तब से विभाग में कोई गार्ड तैनात नहीं किया गया है। एमएससी माइक्रोबायोलॉजी के लिए अलग भवन बना है, लेकिन अभी उसकी कक्षाएं प्लांट साइंस विभाग में ही लग रही हैं। विभाग में कोई भी सुरक्षा गार्ड तैनात नहीं है जिस कारण बाहरी छात्रों के हौसले बुलंद रहते हैं। इस लड़के ने भी इसी बात का फायदा उठाना चाहा।