कुतुबखाना उपकेंद्र पर स्टाफ को शहर विधायक से पंगा लेना भारी पड़ गया है। उच्चस्तरीय जांच समिति से मिली संस्तुति पर शासन ने सख्त कदम उठाते हुए अधीक्षण अभियंता शहर को अन्यत्र तबादला करने के निर्देश दिए हैं। जबकि एसडीओ पर चार्जशीट और अवर अभियंता को सस्पेंड किया गया है। इससे विभाग में खलबली मची हुई है।
घरेलू बिजली कनेक्शन देने के नाम पर रिश्वत मांगने और विधायक से विवाद कर शहर में ब्लैक आउट करने की जांच प्रक्रिया पूरी हो गयी है। पावर कारपोरेशन निदेशक (वितरण) केएम मित्तल और उनके सहयोगी अफसरों ने जांच रिपोर्ट सौंपकर चिह्नित अफसर और अधीनस्थों पर कार्रवाई की संस्तुति कर दी है। बताया जाता है कि रिपोर्ट में कुतुबखाना एसडीओ अवनीश त्रिवेदी पर चार्जशीट लगाने और जेई जगदीश सिंह को सस्पेंड करने की संस्तुति हुई है। साथ ही दस लाख आबादी वाले शहर में छह घंटे तक ब्लैक आउट होने के लिए सीधे तौर पर अधीक्षण अभियंता (शहर) मनोज पाठक को जिम्मेदार माना गया है।
ये था मामला
11 अगस्त को कुतुबखाना उपकेंद्र पर नगर विधायक डा. अरुण कुमार अपने समर्थकों के साथ पहुंचे थे और उनके कार्यालय से पत्र लिखे जाने पर आवेदक को नया कनेक्शन नहीं देने का कारण पूछा। इस पर एसडीओ अवनीश त्रिवेदी आक्रमक होकर अभ्रद व्यवहार करने लगे, शोर सुनकर जेई जगदीश सिंह और स्टाफ एकत्र हो गया, इससे जमकर हंगामा हुआ। जानकारी मिलने पर अधीक्षण अभियंता मनोज पाठक ने कोई समाधान नहीं, इसलिए जेई संगठन और अन्य स्टाफ आंदोलित हो गया। पूरे शहर में ब्लैक आउट कर दिया गया। इससे दस लाख आबादी छह घंटे तक अंधेरे पर रही, उन्हें पीने का पानी तक नहीं मिला। काफी मशक्कत के बाद रात नौ बजे सप्लाई बहाल हो पायी थी। इसके बाद जिले के सभी विधायकों ने मिलकर दोषियों ने कार्रवाई की मांग की। पिछले दिनों कोतवाली में आरोपी एसडीओ और जेई पर मामला दर्ज हुआ। जबकि बिजली कर्मियों ने विधायक रिश्तेदार आयुष सक्सेना समेत 25 लोगों पर मामला दर्ज कराया। उधर, शासन ने चार सदस्यीय समिति गठित कर उच्चस्तरीय जांच करायी तो विभागीय अफसर दोषी पाए गए।
‘उच्चस्तरीय जांच रिपोर्ट से मिली संस्तुतियों पर कार्रवाई हो रही है। एसई शहर, एसडीओ और जेई प्रारंभिक तौर पर दोषी हैं, अनुशासनहीनता बर्दास्त नहीं होगी। पूरे शहर में ब्लैक आउट कर बंधक बनाना पूरी तरह गैर कानूनी और अनुचित है। सभी उपभोक्ता और जनप्रतिनिधियों से सभ्य व्यवहार जरूरी है।’
- एपी सिंह, प्रबंध निदेशक, मध्यांचल