बरेली। इज्जतनगर पुलिस ने बैरियर वन के पास से शहर में दाखिल हो रही काले रंग की स्कार्पियो की तलाशी ली तो पंद्रह लाख रुपये बरामद हुए। कार में बैठे दो लोगों ने खुद को अमरोहा का निवासी ठेकेदार बताया जो उत्तराखंड में बजरी की सप्लाई करते हैं। वे रकम को वैध बता रहे थे पर साक्ष्य नहीं दे पा रहे थे। पुलिस ने रकम सील करके उन्हें छोड़ दिया। आयकर टीम धन की वैधता की जांच करेगी।
इज्जतनगर थाना प्रभारी मनोज त्यागी ने बताया कि एसएसपी के निर्देश पर गुरुवार रात बैरियर वन चौकी प्रभारी दिनेश कुमार व एसआई अखिल कुमार के साथ पुलिस टीम चौकी के पास वाहनों की चेकिंग कर रही थी। नैनीताल दिशा से आ रही काले रंग की स्कार्पियो की तलाशी ली गई। गाड़ी में पीछे की सीट पर रखे बैग में पंद्रह लाख रुपये मिले। गाड़ी में दो लोग थे। इनमें से एक जसविंदर ने खुद को अमरोहा जिले के धनौरा थाने के गांव रसूलपुर माफी का निवासी बताया। दूसरा जसप्रीत भी अमरोहा के थाना रजगपुर के गांव देहरीजथ का निवासी था। इन लोगों ने बताया कि वे सड़क निर्माण के दौरान बजरी की सप्लाई का ठेका लेते हैं। उत्तराखंड के किच्छा में इन दिनों एक प्लांट पर वे सप्लाई दे रहे हैं। उसी की लेबर को भुगतान करने के लिए रुपये निकालकर लाए थे और फिलहाल किच्छा से अपने घर अमरोहा जा रहे थे। इंस्पेक्टर त्यागी के मुताबिक ये लोग रकम निकासी व वितरण के बारे में ठोस साक्ष्य नहीं दे सके तो उन्होंने स्टेटिक टीम को सूचना देकर बुला लिया और कैश लिखापढ़ी में उनके हवाले कर दिया। एसएसपी मुनिराज जी ने बताया कि रुपये कोषागार में जमा कराए जाएंगे। आगे की जांच आयकर विभाग के अधिकारी करेंगे।