बरेली। जिस बिल्डिंग में भाजपा का कार्यालय बना है, वह तो चार साल पहले सपा के पार्षद राजेश अग्रवाल ने खरीदी थी, फिर इसमें भाजपा का कार्यालय कैसे बन गया। भाजपा कार्यालय के उद्घाटन के मौके पर कुछ पुराने भाजपाइयों के बीच यह सुगबुगाहट शुरू हुई तो फिर फैलती ही गई। हर किसी को यह जिज्ञासा कि आखिर ऐसा कैसे हो गया। जवाब किसी जानकार से काफी देर में मिला। बताया गया कि सपा के पार्षद से सवा करोड़ में 600 वर्ग गज जमीन खरीदकर यह कार्यालय बना है। अब सपा नेता का इस जमीन में कुछ नहीं है।
भाजपा का नया कार्यालय सिविल लाइंस के वीवीआईपी एरिया में पुराने डाकघर के सामने तीन मंजिला बिल्डिंग में बनाया गया है। भाजपा नेताओं ने कार्यालय बनाने के लिए करीब चार साल पहले सपा पार्षद राजेश अग्रवाल से यह जमीन खरीदी थी। कार्यालय बनाने में करीब सवा करोड़ रुपये खर्च हुए। 25 लाख का फर्नीचर लगा। बीडीए से कार्यालय की बिल्डिंग का नक्शा स्वीकृत कराने में 46 लाख रुपये खर्च हुए। कुल मिलाकर तीन करोड़ रुपये से अधिक कीमत का नया कार्यालय बना है। लेकिन भाजपा में यह कम ही लोगों को पता है कि पार्टी कार्यालय बनाने के लिए यह जमीन सपा पार्षद राजेश अग्रवाल से खरीदी गई थी। तमाम लोगों की जानकारी में यही था कि यह जमीन सपा पार्षद की है।
बृहस्पतिवार को इस कार्यालय का उद्घाटन लोकसभा क्षेत्र प्रभारी पुरुषोत्तम खंडेलवाल, केंद्रीय मंत्री संतोष गंगवार, जिलाध्यक्ष रविंद्र सिंह राठौर, महानगर अध्यक्ष डॉ. केएम अरोड़ा, भोजीपुरा ब्लॉक प्रमुख योगेश पटेल और पूर्व महानगर अध्यक्ष उमेश कठेरिया ने तीसरी मंजिल पर बने कांफ्रेंस रूम में हवन कराकर किया। पुरोहित ने हवन पूजन के बाद वेद मंत्रोच्चार कर नए भवन मेें प्रवेश की प्रक्रिया पूरी कराई। हवन पूजन में भाजपा की जिला और महानगर इकाई समेत फ्रंटल संगठनों ने भी हिस्सा लिया। इसी दौरान यह चर्चा शुरू हुई कि इस इमारत में भाजपा का दफ्तर कैसे। भाजपा के कुछ पुराने पदाधिकारियों के बीच शुरू हुई चर्चा फैली तो फैलती ही गई। लोग अटकलें लगाने लगे। काफी देर बाद जाकर सपा पार्षद की जमीन पर ‘भाजपा कार्यालय’ स्थापित होने का माजरा साफ हो पाया।
सबसे आलीशान पार्टी कार्यालय
होटल जैसे लुक का 20 कमरों के नए भाजपा कार्यालय में ग्राउंड फ्लोर पर 25 गाड़ियों की पार्किंग है, जिसमें 25 लग्जरी गाड़ियां खड़ी हो सकती हैं। पहली मंजिल पर महानगर और जिलाध्यक्ष के लिए अलग-अलग कमरे हैं। कार्यालय में आईटी हाल, लाइब्रेरी और कंप्यूटर कक्ष भी हैं। तीसरी मंजिल पर वीडियो कांफ्रेंसिंग हाल है। बाहर से आने वाले अतिथियों के लिए 10 बेड की डारमेट्री भी बनाई गई है। ऐसा कार्यालय किसी और पार्टी का नहीं है। कार्यक्रम में मेयर डा. उमेश गौतम, रामगोपाल शर्मा, अनिल शर्मा, आदेश प्रताप सिंह, राजकुमार शर्मा, चंचल गंगवार, प्रदीप पुष्कर, दिगंबर पटेल आदि नेता शामिल थे। फोटो-
डिस्पोजल ग्लास भी दिखे
योगी सरकार ने भले ही डिस्पोजल ग्लास या पॉलीथिन पर पूरी तरह से प्रतिबंध लगा रखा हो, लेकिन भाजपा के नए कार्यालय के उद्घाटन के बाद कराए गए नाश्ते और भोजन में प्लास्टिक के ग्लास का इस्तेमाल ही किया गया। मतलब, भाजपा पदाधिकारियों ने अपनी ही सरकार के आदेश को नहीं माना। पहले भी भाजपा की रैली में डिस्पोजल ग्लास और पॉलीथिन का इस्तेमाल हो चुका है।
जिस जगह पर भाजपा कार्यालय बना है, वह हमने अपने पार्टनर की सलाह पर चार साल पहले भाजपा को बेच दी थी। जमीन की रजिस्ट्री भी काफी पहले ही हो चुकी है। अब हमारा उस जमीन से कोई लेना देना नहीं है। - राजेश अग्रवाल, नेता पार्षद दल सपा
नया कार्यालय बनाने के लिए पार्टी ने यह जमीन काफी पहले खरीद ली थी। अब वह जमीन किसकी थी, इससे क्या मतलब। अब भाजपा का शानदार कार्यालय बनकर तैयार हो चुका है। यह पार्टी के लिए गौरव की बात है। - रविंद्र सिंह राठौर, जिलाध्यक्ष भाजपा